ललितपुर। मड़ावरा चोरी कांड में नगर के एक सर्राफा व्यापारी का उत्पीड़न किए जाने और गलत तरीके से दोषी करार देन और भविष्य में व्यापार में आने वाली परेशानियों के स्थायी समाधान के लिए शुक्रवार को व्यापारियों ने एक जुट होकर एसपी को एक ज्ञापन दिया ।
पुलिस अधीक्षक को दिए ज्ञापन में बताया गया कि बहुचर्चित मड़ावरा चोरी कांड के खुलासे से सर्राफा व्यवसायियों के सुराग जुटाने और केस के खुलासे को लेकर पूछताछ और जानकारी जुआने के लिए तहत कुछ व्यासपारियासें का जबरन उत्पीड़न किया जाना पुलिस द्वारा मानव हित में व व्यापारियों के हित में नहीं रहा। इसी के चलते सर्राफा व्यापारी अनूप जैन नजा जो काफी पुराने व प्रतिष्ठित व्यापारी हैं, उनको जबरन एवं फर्जी तरीके से इस चोरी कांड का आरोपी बनाने का व्यापारियों ने आरोप लगाते हुए अनुचित करार दिया। जबकि अनूप नजा ने जो भी सोने का सामान उससे खरीदा था, जो उनके दुकान का अनवरत ग्राहक रहा है। उसी विश्वास से उससे खरीदारी का व्यापार निर्धारित बाजार भाव से खरीद की गई, जो सर्राफा के व्यापार क्षेत्र में अनुचित नहीं है एवं यह सुनिश्चित किया जाए कि व्यापारी द्वारा खरीदे गए माल जब्ती के समय दिए गए पैसे को व्यापारी को वापस किया जाए। चोरी कांड के खुलासे के दौरान अनूप जैन को आरोपी घोषित करने के दौरान सभी ने सर्वसम्मति से सर्राफा एसोसिऐशन के नेतृत्व में 12 सदस्यीय कमेटी चयन के साथ यह निर्णय लिया कि अनूप जैन नजा को निर्दोष घोषित किया जाए और उनके साथ पुलिस प्रशासन न्यायोचित सहयोग पूर्वक कार्यवाही करे। इसी संदर्भ में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि जब तक अनूप जैन नजा के न्यायोचित कार्रवाई अमल में नहीं जाती है, सर्राफा एसोसिएश्सा के निर्देशन में व 12 सदस्यीय कमेटी के संयोजन में नगर का समूचा बाजार शांति पूर्वक बंद रखेगा। समिति ने निर्णय लियास कि पुलिस प्रशासन द्वारा इस संदर्भ में सर्राफा व्यापारियों को एक सुनिश्चित गाइड लाइन दें, जिससे भविष्य में किसी भी व्यासपारी के साथ पुलिस का वेवजह उत्पीड़न न हो सके। हालांकि बाद में व्यापारियों के द्वारा पुलिस अधीक्षक से वार्ता करने के बाद उनके मांगों पर सहमति मिलने पर सर्राफा एसोसिऐशन द्वारा दोपहर में बाजार खोल दिया गया। इस मौके पर उदयचंद सर्राफ, अंकुर जैन, मज्जू सोनी, सुरेंद्र जैन, सुनील, श्रीराम, राजेंद्र, अखिलेश जैन, कमल सिरसी, राजीव टड़ैया, हरिश्चंद्र सर्राफ, विशाल जैन, प्रदीप मोदी, धर्मेंद्र जड़िया, नमन सर्राफ, जिनेंद्र, संतोष कुमार आदि उपस्थित रहे।
सर्राफा एसोसिऐशन द्वारा 12 सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया है, जिसमें मनमोहन जड़िया, सिद्घेश्वर जमौरिया, उदय सर्राफ, शिवचरण सोनी, मनोज सोनी, अजय सोनी, मुन्ना काठमांडू, सुरेश सर्राफ, मुकेश तामियां, अंकुर जैन सानू, राजेंद्र तामियां, अजय ड्योड़िया शामिल हैं।