तहसील क्षेत्र अंतर्गत ग्राम समोगर, कुरौरा, गुंदरापुर, चौकी, छपरट, जरया, बैरवारा, मोगयाना, अगौरा, मिदरवाहा, दिगवार आदि गांवों में अवैध शराब की बिक्री का कारोबार गहरी पैठ जमा चुका है। नशे में डूबे लोगों के बीच लड़ाई- झगड़े व मारपीट की घटनाएं यहां आम बात हो गई हैं। इतना ही नहीं ज्यादातर घरों की महिलाएं नशे में धुत लोगों की हिंसा का शिकार बन रही हैं। युवा पीढ़ी और बच्चों में भी भटकाव हो रहा है। शराब के लती पुरुष जेवरात आदि गिरवी रखकर अपना शौक पूरा कर रहे हैं। जानकारी तो यहां तक है कि अवैध कलारी संचालकों द्वारा गांव में युवाओं को शराब का लती बनाने के लिए मुफ्त में शराब बांटी जा रही है। रात के अंधेरे में शराब की पेटी की खेप गांव- गांव में भिजवाकर बिकवाई जाती हैं। कुछ खास लोगों का संरक्षण होने के कारण पुलिस सब कुछ जानते हुए भी कार्रवाई नहीं कर पा रही है। इसके चलते ऐसे कारोबारियों के हौसले बुलंद हैं। गांव - गांव में फल फूल रहे इस कारोबार से ग्रामीणों को कठिनाई उठानी पड़ रही है। ग्रामीणों ने प्रशासनिक अधिकारियों से इस ओर ध्यान देने की मांग की है।