ललितपुर। जिले की पुरातत्व विरासत किलों को सहेजने के लिए पर्यटन विभाग लगातार काम रहा है। अब चार किलों को मुख्य मार्ग से जोड़ने के लिए संपर्क मार्ग बनाने की तैयारी की गई है। इस पर 7.33 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। विभाग ने मार्ग निर्माण का प्रस्ताव शासन को भेजा है।
पर्यटन विभाग जनपद के सात किलों तालबेहट, बालाबेहट, सौंरई, बानपुर, मड़ावरा, देवगढ़, सिरसी के संरक्षण के साथ पर्यटक स्थल के तौर विकसित करने के लिए काम कर रहा है। पहले चरण में इन किलों में साफ-सफाई कराकर आजादी के अमृत महोत्सव दौरान ध्वजारोहण कराया गया था। मौजूदा समय में किलों में प्रकाश व्यवस्था दुरुस्त की जा रही है।
अब किलों तक पहुंचने के लिए सुगम रास्ता बनाने की योजना तैयार की गई है। जिसके तहत पहले चरण में चार किलों को शामिल किया गया है। इसमें देवगढ़-ललितपुर-टीकमगढ़ मार्ग से बानपुर किला को जोड़ने के लिए 750 मीटर, मड़ावरा गिरार मार्ग से मड़ावरा किला के लिए 650 मीटर, सौंरई-धौरीसागर मार्ग से सौंरई किला तक 1.650 कि मी, बालाबेहट किले के लिए 1.05 किमी लंबा संपर्क मार्ग बनाया जाएगा। लोक निर्माण विभाग ने संपर्क मार्ग के निर्माण का एस्टीमेट तैयार कराया गया है। पर्यटन विभाग ने प्रस्ताव बनाकर शासन को भेजा है। संपर्क मार्ग बनने के बाद पर्यटक आसानी से यहां पहुंच सकेंगे।
किलों तक बनने वाली सड़कों लागत
कार्य का नाम लागत
बानपुर किला संपर्क मार्ग- 192.09 लाख
मड़ावरा किला संपर्क मार्ग - 163.24 लाख
सौंरई किला संपर्क मार्ग- 221.70 लाख
बालाबेहट किला संपर्क मार्ग- 156.76 लाख
योग - 733.79 लाख रुपये
जनपद के सात किलों में से चार किलों तक संपर्क मार्ग बनाने का प्रस्ताव तैयार किया गया है। इस प्रस्ताव को जिलाधिकारी के माध्यम से शासन स्तर को भेजा गया है। शासन से मंजूरी मिलने के बाद काम शुरू हो जाएगा।
हेमलता, पर्यटन अधिकारी