ललितपुर। नॉन कामर्शिलय वाहनों को टोल टैक्स मुक्त करने की मांग करते हुए
उप्र व्यापार मंडल की नगर इकाई ने केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री व
मुख्यमंत्री को संबोधित एक ज्ञापन जिलाधिकारी को दिया।
ज्ञापन में
बताया गया कि देश के कई राज्यों में निर्माण लागत पूरी होते ही टोल टैक्स
को मुक्त कर दिया है। बुंदेलखंड अति पिछड़ा क्षेत्र होने के बाद भी यहां
धड़ल्ले से टैक्स वसूला जा रहा है। झांसी तक जाने में ही दो स्थानों पर
नेशनल हाइवे पर टोल नाके बने हुए हैं। निर्माण लागत पर अब तक विचार नहीं
किया गया है, जिससे लोगों को अतिरिक्त टैक्स देना पड़ रहा है।
जबकि,
नॉन कामर्शियल वाहनों की खरीद पर 14 प्रतिशत रोड टैक्स ले लिया जाता है।
इसके साथ डीजल एवं पेट्रोल पर भी प्रति किमी के हिसाब से रोड टैक्स फिक्स
है। उन्होंने निर्माण लागत व अब तक हुई आय के आंकड़ों का मिलान करने,
निर्माण लागत न होने पर कामर्शिलय वाहनों से ही टैक्स की भरपाई करने, नॉन
कामर्शिलय वाहनों से टोल टैक्स पूरी तरह खत्म करने की मांग की है, जिससे
जनपदवासियों पर पड़ रहे अतिरिक्त बोझ को कम किया जा सके।
ज्ञापन पर
नगर अध्यक्ष सुमित अग्रवाल, विवेक, सचिन राज सोनी, रोहित साहू, हरीराम,
विशाल राठौर, नसीम, शिवम परिहार, नरेंद्र तिवारी, दीपक आस्था, संतोष राठौर,
अनिल बाबा, आशीष सहित अन्य व्यापारियों के हस्ताक्षर हैं।