एनएसजी प्रशिक्षण प्राप्त पुलिस अधीक्षक प्रभाकर चौधरी ने कोबरा के जवानों को प्रशिक्षण के दौरान निशानेबाजी के महत्वपूर्ण टिप्स दिए। कोबरा टीम के 14 सदस्यों ने इंसास रायफल, 9 एमएम पिस्टल और एंटी राइट गन से लक्ष्य पर सटीक निशाने साधे। इसके बाद कंट्रोल रूम से निर्देश मिलने पर घटना स्थल पर पहुंचकर की जाने वाली कार्रवाई का ड्रिल भी किया। फायरिंग बट पर प्रतिसार निरीक्षक शिवराम यादव, सूबेदार शमशाद खान, बृजनंदन मिश्रा, पवन कुमार एवं एसपी पीआरओ विजय सिंह आदि पुलिस अफसर मौजूद रहे।
मालूम हो कि पुलिस आधुनिकीकरण के तहत पुलिस कंट्रोल रूम को जन समस्याओं के प्रति जवाबदेह बनाने के लिए 14 सदस्यों की विशेष टीम गठित की गई है, जिसको विभिन्न चरणों में प्रशिक्षण दिया जा रहा है। यह टीम पुलिस कंट्रोल के अधीन काम करेगी।
वर्दी के साथ दिखाई देगी हमदर्दी
ललितपुर। अब जनपद के सभी थानों में
खाकीधारी न सिर्फ जन शिकायतों को गंभीरता से लेकर त्वरित कार्रवाई करेंगे,
बल्कि फरियादियों के साथ मानवीय व्यवहार करेंगे। इसके लिए पुलिस लाइंस में
आरक्षियों को विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है।
पुलिस की कार्यप्रणाली
में सुधार लाने और जनता के विश्वास की कसौटी पर खरा उतरने के लिए पुलिस
अधीक्षक ने नया प्रयोग किया है। जनपद के सभी थानों से संवेदनशील आरक्षियों
को चयनित करके उन्हें पुलिस लाइंस में शिष्टाचार का प्रशिक्षण दिया जा रहा
है। प्रशिक्षण के उपरांत यह सभी आरक्षी अपने थानों में काम करने वाले
साथियों को शिष्टाचार का पाठ पढ़ाएंगे। प्रशिक्षण के दौरान इस बात पर
विशेष जोर दिया जा रहा है कि प्रत्येक फरियादी से पूरी हमदर्दी रखी जाए और
उसे त्वरित पुलिस सहायता दिलाने के प्रयास किए जाएं। आमतौर पर पुलिस को
खौफ के रूप देखा जाता है। महिलाएं अपने बच्चों को भयभीत करने के लिए पुलिस
बुलाने की धमकी देती हैं।
कम्युनिटी पुलिसिंग के अंतर्गत इस अवधारणा को
समाप्त करने का प्रावधान किया गया है। वृद्धजनों से मशविरा तथा बच्चों से
पुलिस अंकल के रिश्ते विकसित करने का प्रावधान किया है। इसी क्रम में पुलिस
अधीक्षक की ओर से नई पहल की गई है।