चार माह बीते, नहीं लग सके सीसीटीवी कैमरे
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प्रस्ताव पास होने के चार माह गुजरने के बाद भी आदर्श रेलवे स्टेशन पर रेल संपत्ति व यात्रियों की सुरक्षा के लिए लगाए जाने वाले सीसीटीवी कैमरे रेलवे मुख्यालय पर अटके हुए हैं। इस कारण रेल संपत्ति व यात्रियों की सुरक्षा पर खतरा बरकरार है।
ललितपुर रेलवे स्टेशन पर बड़े स्टेशनों की भांति सुविधाएं मुहैया कराई जा रही हैं। स्टेेशन के मुख्य गेट को होटलों व मॉल की भांति आकर्षक लुक देने का प्रयास किया जा रहा है। प्लेटफार्म पर साफ-सफाई के लिए वाशिंग मशीनों का प्रयोग होने लगा है। वीआईपी रेस्ट हाउस भी बन रहा है। इसके साथ ही यात्रियों को ट्रेनों की स्थिति का पता लगाने के लिए ऑटो स्क्रीन भी स्थापित की जा चुकी है।
शताब्दी एक्सप्रेस ट्रेन समेत ढाई दर्जन से अधिक अप और डाउन रूट की अलग-अलग एक्सप्रेस व सुपरफास्ट ट्रेनों का स्टॉपेज चल रहा है। इससे रेलवे को काफी राजस्व प्राप्त हो रहा है। इसी के चलते अब रेलवे द्वारा स्टेशन पर सुरक्षा की दृष्टि से चालीस सीसीटीवी कैमरे लगाने का प्रस्ताव भी भेजा था, जो रेलवे द्वारा करीब चार माह पूर्व ही पास हो चुका है, लेकिन स्टेशन पर अब तक यह सुविधा उपलब्ध नहीं हो सकी है।
इसका कारण इस कार्य के लिए बजट का प्रस्ताव मुख्यालय में अटक जाना बताया गया है। हालांकि विभागीय सूत्रों के अनुसार बजट के प्रस्ताव पर मुहर लग चुकी है। रेलवे स्टेशन परिसर में प्लेटफार्म व गेट के बाहर और आरपीएफ थाने में रेलवे द्वारा चालीस सीसीटीवी कैमरे लगाए जाने हैं।
झांसी रेल मंडल में 13 रेलवे स्टेशनों पर सीसीटीवी कैमरे लगाने के प्रस्ताव को मंजूरी मिली है, जिसमें ललितपुर स्टेशन भी शामिल है। इस कार्य की प्रक्रिया मुख्यालय स्तर पर चल रही है। सीसीटीवी कैमरे लगाने का कार्य सिग्नल डिपार्टमेंट द्वारा शीघ्र शुरू कराया जाएगा।
- आशीष मिश्रा, आरपीएफ कमांडेंट, झांसी।