कर्मचारियों की कमी से जूझ रहा विकास विभाग
ललितपुर। जिले भर में संचालित विकास कार्यों की मॉनीटरिंग करने वाला विभाग कर्मचारियों की कमी से जूझ रहा है। विभागीय कर्मचारियों की कमी और काम की अधिकता के कारण फाइलों का बोझ बचे-खुचे कर्मचारियों के कंधों पर दिनोंदिन बढ़ता जा रहा है। शासन गुणवत्तापूर्ण विकास तो चाहता है, लेकिन विकास कार्य करने के लिए कर्मचारियों की कमी की ओर ध्यान नहीं दिया जा रहा है। कमी को दूर करने के लिए मुख्य विकास अधिकारी वीरेंद्र प्रसाद पांडेय ने शासन को पत्र लिखकर कर्मचारियों की मांग की है।
शासकीय कार्य करने में लेखाकार और सहायक लेखाकार महत्वपूर्ण कड़ी हैं। जिले में इनके 21 पद स्वीकृत हैं, लेकिन कर्मचारी सिर्फ आठ हैं। 13 पद खाली चल रहे हैं। 30 जून को सहायक लेखाकार संतोष कुमार दुबे सेवानिवृत्त हो जाएंगे। लेखाकार बजरंग सिंह ने अगस्त में स्वैच्छिक सेवानिवृत्ति के लिए आवेदन कर दिया है। ऐसे में दो और कर्मचारियों की कमी हो जाएगी और आठ की जगह सिर्फ छह कर्मचारी शेष बचेंगे। लघु सिंचाई विभाग के लेखाकार अकरम खां का स्थानांतरण इस कार्यालय को किया गया था, लेकिन उन्होंने अब तक चार्ज नहीं छोड़ा है।
काम में आ रही दिक्कत को देखते हुए मुख्य विकास अधिकारी ने आंतरिक लेखा और लेखा परीक्षा लखनऊ के निदेशक को पत्र लिखकर रिक्त चल रहे 13 लेखाकार/सहायक लेखाकार के पदों पर तैनाती करने की मांग की है। इसी तरह जिले में खंड विकास अधिकारियों के पद रिक्त चल रहे हैं। ग्रामीणों के लिए संचालित विकास योजनाओं की मानीटरिंग करने के लिए खंड विकास अधिकारी महत्वपूर्ण इकाई होते हैं, लेकिन जिले में खंड विकास अधिकारियों के छह पद स्वीकृत हैं, लेकिन यहां पर सिर्फ तीन खंड विकास अधिकारी हैं। तालबेहट में ज्योतिरानी कौशिक, बिरधा में सुनील कुमार और महरौनी में अजय कुमार शर्मा की तैनाती है। जखौरा ब्लाक का चार्ज उपायुक्त श्रम और रोजगार इंद्रमणि के पास है और मड़ावरा ब्लाक का चार्ज बिरधा के खंड विकास अधिकारी के पास है। ब्लाक बार में संयुक्त खंड विकास अधिकारी महेंद्र पाल सिंह भदौरिया की तैनाती है, वह 31 जुलाई को सेवानिवृत्त हो रहे हैं। इतना ही नहीं उपायुक्त श्रम-रोजगार पद भी रिक्त चल रहा है। इस स्थिति में विकासखंडों में संचालित शासकीय योजनाओं के क्रियान्वयन में दिक्कत आ रही है। मुख्य विकास अधिकारी ने ग्राम्य विकास आयुक्त को पत्र लिखकर तीन खंड विकास अधिकारियों की तैनाती करने की मांग की है।