जिला आपदा प्रबंध योजना वर्ष 2016-17 की कार्य योजना बनाये जाने के लिए जिलाधिकारी डा.रूपेश कुमार की अध्यक्षता में बैठक हुई। कलेक्ट्रेट सभागार में हुई बैठक में वर्ष 2016-17 की जिला आपदा प्रबंध योजना तैयार के निर्देश दिये गए।
जिला पंचायत अध्यक्ष सरिता यादव व अपर जिलाधिकारी योगेन्द्र बहादुर सिंह ने योजना निर्माण के बारे में जानकारी दी। जिला आपदा प्रबंध कार्य योजना के तहत बाढ़, सूखा, भूकंप, चक्रवात, भूस्खलन, महामारी, मानव जनित आपदाओं से बचाव के संबंध में कार्ययोजना प्रस्तुत किए जाने के निर्देश दिए गए। बाढ़ एवं सूखा आदि से निपटने हेतु कृषि विभाग से फसलों एवं आपदा के समय कृषि फसलों के बचाव हेतु कार्य योजना, सिंचाई विभाग द्वारा बांधों एवं बाढ़ संबंधी आपदा कार्य योजना, पशु पालन विभाग से पशुओं के टीकाकरण आदि से संबंधित निर्देश, चिकित्सा विभाग द्वारा आपदा के समय बीमारियों से बचाव हेतु उचित व्यवस्था किये जाने, भूकंप एवं चक्रवात से निपटने की कार्य योजना बनाये जाने, आग लगने पर फायर ब्रिगेड की कार्य योजना, मानव जनित आपदाओं की आशंका होने पर उनसे निपटने हेतु, पेयजल योजना, सिंचाई कार्य योजना तैयार करने के निर्देश दिये गये।
जिलाधिकारी ने कहा कि सभी विभाग कार्ययोजना तैयार कर प्रस्तुत करें जिससे कि सूचना संकलित कर शासन को भेजी जा सके। जिलाधिकारी ने इस अवसर आपदा प्रबंधन से निपटने हेतु एक कम्यूनिकेशन प्लान की आवश्यकता पर जोर देते हुए अधिकारियों को अपने कार्यालय के लैण्डलाइन नम्बर तथा विभागीय सीयूजी के साथ व्यक्तिगत मोबाइल नम्बर भी उपलब्ध कराने हेतु निर्देशित किया। बैठक में सीडीओ प्रवीण कुमार लक्षकार, डीडीओ देवेन्द्र प्रताप सिंह, सीएमओ डा.प्रताप सिंह, पीडब्ल्यूडी, एआरटीओ, एसडीएम महरौनी हरिश्चन्द्र यादव, एसडीएम मड़ावरा सुरेश कुमार, बीएसए संतोष राय, सिंचाई खण्ड, सीओ सिटी बलदेव सिंह, मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डा.जीवन दत्त, ईओ नपा राकेश कुमार, डीआईओएस डा.आरपी वर्मा, जिला सूचना अधिकारी चन्द्रचूड़ दुबे समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे।