हर में जारी किए जाने वाले संयोजनों के सापेक्ष मीटर रीडरों को 95 प्रतिशत विद्युत बिलिंग करना अनिवार्य होगा। ऐसा नहीं करने की स्थिति में कंपनी द्वारा कार्रवाई की जाऐगी। यह निर्देश कंपनी के मैनेजर और सुपरवाइजर ने मीटर रीडरों को जारी किए हैं।
विद्युत विभाग द्वारा नगर में 24 हजार उपभोक्ताओं बिजली का उपभोग कर रहे हैं। बिजली खपत के सापेक्ष विद्युत बिलिंग का जिम्मा एक कंपनी को सौंपा गया है। कंपनी 14 मीटर रीडरों द्वारा उपभोक्ताओं के घर-घर जाकर मीटरों में रीडिंग के अनुसार अथवा मीटर खराब होने पर आईएफ के विद्युत बिल बनाकर उपभोक्ताओं को मुहैया कराए जाते हैं।
अब तक शहर में 24 हजार उपभोक्ताओं के सापेक्ष मात्र 19 हजार उपभोक्ताओं की बिलिंग का कार्य ही किया जा रहा है। इस प्रकार यदि मीटरों रीडरों की बिलिंग का आंकलन किया जाए तो हर एक मीटर रीडर द्वारा मात्र 70 से 80 प्रतिशत ही बिलिंग की जा रही है। कई बार तो इससे भी कम बिलिंग की जाती है। गत दिनों जनपद आए दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम के प्रबंध निदेशक आगरा प्रभुु एन सिंह ने मीटर रीडिंग कंपनी के अफसरों को बिलिंग बढ़ाने के निर्देश जारी दिए थे, जिसके एवज में अब मीटर कंपनी के सुपरवाइजर वसीम बेग और मैनेजर पीयूष शर्मा ने सभी मीटर रीडरों को कम से कम 95 प्रतिशत बिलिंग करने के निर्देश दिए हैं। इससे कम बिलिंग होने की स्थिति में कंपनी द्वारा रीडरों पर कार्रवाई करने की चेतावनी भी दी गई है।