ललितपुर। शहर की सड़कों के किनारे व फुटपाथ पर अतिक्रमण कर व्यापार करने वालों की मनमर्जी अब नहीं चलेगी। नगर पालिका इन फुटपाथ व्यापारियों के लिए व्यवस्थित स्थान उपलब्ध कराएगी, लेकिन इसके लिए विभाग इनसे टैक्स भी वसूलेगा और इनका लाइसेंस जारी करेगा। विभाग ने नगर का सर्वे कराने की कार्ययोजना बना ली है। यह कोई नई योजना नहीं है, नगर पालिका ने इस संबंध में कई बार कार्ययोजना तैयार की है, लेकिन समय निकलते ही इसको ठंडे बस्ते में डाल दिया जाता है।
नगरीय क्षेत्रों में अव्यवस्थाएं न हो और यातायात भी बाधित न हो इसके लिए शासन सड़कों के किनारे व फुटपाथ पर व्यापार करने वालों को सुनिश्चित स्थान की व्यवस्था कराने के लिए नगर निकायो को निरंतर निर्देश जारी किए जा रहे हैं। नगर पालिका ने हाईकोर्ट के आदेशों को धरातल पर लाने के लिए एक बार फिर अपने प्रयास जारी कर दिए हैं।
अधिशासी अधिकारी राकेश कुमार ने हाल ही में कर विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक करके, इस योजना की रणनीति तैयार कर ली है। विभागीय कर्मियों द्वारा बहुत जल्द नगरीय क्षेत्रों में सड़कों के किनारे व फुटपाथ पर व्यापार करने वाले लोगों, गुमटी-खोखे, हाथ ठेला लगाने वालों व बिना अनुमति के झोपड़-जुग्गी बनाकर व्यापार करने वाले लोगों और फेरी लाकर सामान व खाद्य सामग्री बेचने वालों का सर्वे कराने का काम शुरू कर दिया जाएगा।
सर्वे के बाद इनका लाइसेंस नगर निकायों द्वारा जारी किया जाएगा, बदले में विभाग इनसे लाइसेंस शुल्क वसूलेगा। इसके अलावा फुटपाथ पर व्यापार करने वालों और सड़कों के किनारे हाथ ठेला पर व अन्य संसाधनों से व्यापार करने वालों को सुनिश्चित स्थान नगर पालिका द्वारा उपलब्ध कराया जाना है, जिससे आएदिन नगर में होने वाली ट्रैफिक की समस्या व अन्य अव्यवस्थाओं को दूर किया जा सके। इसके लिए विभाग इन व्यापारियों से सुनिश्चित स्थान व मूलभूत सुविधाओं के बदले मासिक शुल्क भी वसूलेगा। मूलभूत सुविधाओं के लिए विभाग द्वारा सार्वजनिक शौचालय, पेयजल व्यवस्था, पक्की सड़क व बिजली की व्यवस्था कराई जाएगी। हाईकोर्ट व शासन के निर्देशों को दो वर्ष से अधिक बीत गए हैं, इस बीच नगर पालिका ने कई बार सर्वे कराने के लिए कार्ययोजना तैयार भी की है, लेकिन विभागीय लापरवाही के चलते यह कार्ययोजना अधर में लटक जाती है और फिर ठंडे बस्ते में डाल दी जाती है। विभाग द्वारा इसके लिए इनते वर्षों में समिति का भी गठन नहीं किया गया है।
हाईकोर्ट के हैं निर्देश
प्रशासन द्वारा जब यातायात व्यवस्था को सुनिश्चित करने के लिए सड़कों के किनारे व फुटपाथ पर हुए अतिक्रमण के खिलाफ कार्रवाई करता है, तो इन गरीबों की रोजी-रोटी पर फर्क पड़ता है। ऐसे में मुंबई की फुटपाथ यूनियन द्वारा हाईकोर्ट में यह रिट दायर कराई थी कि फुटपाथ पर व्यापार करने वाले गरीब लोगों को नगर निकायों द्वारा उचित स्थान की व्यवस्था कराई जाए। इस याचिका पर हाईकोर्ट ने मुंबई ही नहीं बल्कि देश के समस्त प्रदेशों को यह निर्देश दिए थे कि नगरीय क्षेत्र में सड़कों के किनारे व फुटपाथ पर व्यापार करने वालों को नगर निकाए व्यवस्थित स्थान उपलब्ध कराएं। इसके लिए विभाग सभी को लाइसेंस जारी करे और लाइसेंस शुल्क के साथ मासिक शुल्क भी वसूले।
फेरी करने वालों के भी होंगे लाइसेंस जारी
सड़कों के किनारे व फुटपाथ पर व्यापार करने वालों के अलावा शहर में फेरी करके चलते-फिरते सब्जी-फल व अन्य खाद्य सामग्री बेचने वालों या फिर कोई अन्य सामान बेचकर व्यापार करने वालों, चलती बसों में व्यापार करने वालों का भी विभाग द्वारा लाइसेंस जारी किया जाएगा। इसके लिए विभाग लाइसेंस शुल्क वसूलेगा।
श्रीतुवन मंदिर मैदान में लगेगा ‘राखी बाजार’
ललितपुर। रक्षाबंधन का त्योहार समीप आ गया है, स्थानीय घंटाघर परिसर पर राखी व पूजन सामग्री का अस्थाई बाजार लगना शुरू हो गया है। इससे यातायात व्यवस्था प्रभावित हो रही है। सदर क्षेत्राधिकारी बल्देव सिंह ने अस्थाई राखी बाजार को घंटाघर परिसर से श्रीतुवन मंदिर मैदान परिसर में व्यवस्थित कराने का प्रस्ताव करके पुलिस अधीक्षक मो. इमरान की स्वीकृति पर जिला प्रशासन के समक्ष रखा है। इसको प्रभारी अपर जिलाधिकारी रमेशचंद्र ने डीएम डा. रुपेश कुमार की संतुति पर स्वीकृति दे दी है। शनिवार से यह राखी बाजार श्रीतुवन मैदान में रक्षाबंधन त्योहार तक संचालित होगा। सदर क्षेत्राधिकारी बल्देव सिंह ने बताया कि घंटाघर पर परिसर पर जगह की कमी व मुख्य मार्ग होने के कारण अस्थाई दुुकानों से यातायात बाधित होता है और जनता की सुरक्षा भी प्रभावित होती है। उन्होंने बताया कि श्रीतुवन मैदान में राखी बाजार संचालित होने के यातायात भी बाधित नहीं होगा और जनता के लिए सुकून भी मिलेगा। उन्होंने बताया कि खरीदारी करने के लिए आने वाली महिलाओं व जनता की सुरक्षा के लिए मैदान के मुख्य द्वार पर पुलिस बल तैनात किया जाएगा।