कुत्ते के काटने से घायल वृद्धा को संभालते परिजन। संवाद
बार (ललितपुर)। स्वास्थ्य विभाग के तमाम दावों की जमीनी हकीकत शुक्रवार को सामने आ गई, जब आवारा कुत्ते के हमले से लहूलुहान हुई एक वृद्धा को अस्पताल पहुंचाने के लिए 108 एंबुलेंस नसीब नहीं हुई। सिस्टम की इस गहरी उदासीनता और स्वास्थ्य तंत्र की सुस्ती के चलते परिजनों को मजबूरन एक तीन पहिया लोडिंग टैक्सी का सहारा लेकर गंभीर हालत में वृद्धा को अस्पताल पहुंचाना पड़ा।
दशरारा निवासी भुवन 8 सितंबर को अपनी बड़ी पुत्री के यहां ललितपुर के पटौरा गांव गई थीं। शुक्रवार को वह वहां से पैदल अपने गांव दशरारा लौट रही थीं। इसी दौरान पेट्रोल पंप के पास अचानक एक आवारा कुत्ते ने उनके पैर को काट लिया। वृद्धा के चीखने-चिल्लाने पर आसपास के लोग मौके पर दौड़े, जिसके बाद कुत्ता भाग गया। घायल वृद्धा के नाती नरेंद्र ने घटना के बाद 108 एंबुलेंस को सूचना दी गई लेकिन काफी इंतजार के बाद भी वह नहीं पहुंची। परिजनों को तीन पहिया लोडिंग टैक्सी से घायल वृद्धा को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र ले गए, जहां चिकित्सकों ने प्राथमिक उपचार के बाद एंटी रेबीज इंजेक्शन लगाया।
कुत्ते के काटने से घायल वृद्धा को संभालते परिजन। संवाद