ललितपुर। शहर को स्वच्छ और सुंदर बनाने में अड़ंगा डाल रहे लोगों पर नगर पालिका अब सख्ती से पेश आएगी। कचरा फैलाने वालों से भारी भरकम जुर्माना वसूलने की तैयारी कर ली गई है। इसके तहत घर के बाहर कचरा फेंकने पर पांच हजार रुपये का जुर्माना वसूला जाएगा। इतना ही किसी आयोजन के दौरान जहां-तहां गंदगी फैलाने पर भी जुर्माना वसूला जाएगा।
वर्ष 2014 से स्वच्छ भारत मिशन कार्यक्रम चलाया जा रहा है। इसके अंतर्गत साफ-सफाई पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। नागरिकों को इसके प्रति जागरूक करने की कोशिशें भी हो रही है। नगर पालिका परिषद ने कचरा संग्रहण के लिए डोर टू डोर लोडिंग वाहन चलाए। इसके बाद भी तमाम लोग घर के बाहर सूखा और गीला कचरा फेंक देते हैं। कई लोगों ने अपने आसपास खाली प्लॉट को कचरा का डंपिंग स्थल बना दिया है। कुछ लोग गोविंद सागर बांध की छोटी नहर में कचरा फेंक रहे हैं, इस प्रकार नगर पालिका के शहर को स्वच्छ और सुंदर बनाने के प्रयासों को झटका लग रहा है।
इसे ध्यान में रखकर अब नगर पालिका प्रशासन ने कड़े तेवर दिखाने आरंभ कर दिए हैं। जिसके तहत 30 जनवरी को हुई नगर पालिका की बोर्ड बैठक में प्रस्ताव संख्या 398 के अनुसार राजकीय गजट को प्रभावी बना दिया गया है। प्रतिबंधित श्रेणी के निस्तारण योग्य पॉलिथीन, कैरीबैग, प्लास्टिक व थर्माकोल सौ ग्राम तक पाए जाने पर एक हजार रुपये, सौ से पांच सौ ग्राम तक दो हजार रुपये, पांच सौ ग्राम से एक किलोग्राम तक पांच हजार रुपये, एक किलोग्राम से पांच किलोग्राम तक दस हजार रुपये, पांच किलोग्राम से अधिक मात्रा पाए जाने पर पच्चीस हजार रुपये का शमन शुल्क लिया जाएगा। किसी संस्था, वाणिज्यिक संस्था, वाणिज्यिक प्रतिष्ठान, शैक्षिक संस्थाओं, कार्यालयों, होटलों, दुकानों, रेस्तराओं, मिष्ठान की दुकानों, अन्य दुकानों, ढाबों, औद्योगिक प्रतिष्ठानों आदि के द्वारा सड़कों, मार्गो, नालों, नदियों, तालाबों, वन क्षेत्रों, सार्वजनिक पार्कों, समस्त सार्वजनिक स्थलों में प्लास्टिक अपशिष्ट (कचरा) फेंका जाता है तो उससे ढाई लाख रुपये जुर्माना लिया जाएगा।
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निर्माण सामग्री रखने पर भी जुर्माना
प्लास्टिक कचरा फेंकने पर एक हजार रुपये, सार्वजनिक स्थल पर शौच करने पर पांच सौ रुपये, सार्वजनिक स्थान पर पेशाब करने पर सौ रुपये, निर्माण सामग्री, मलबा सार्वजनिक स्थान पर रखने पर पचास हजार रुपये, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, पार्क, तालाब, जल संरचनाओं, नाला, नाली, सार्वजनिक स्थान पर गंदगी करने पर पांच हजार रुपये, दुकानदारों द्वारा हाथ ठेला, चाय, नाश्ता, गुटखा, पान विक्रेताओं द्वारा गंदगी फैलाने पर पांच हजार रुपये, समस्त रहवासी, व्यवसायिक, सार्वजनिक एवं अन्य प्रतिष्ठानों द्वारा सूखा और गीला कचरा अलग नहीं करने पर पांच हजार रुपये, किसी व्यक्ति द्वारा बगैर अनुमति वाले स्थान पर कोई आयोजन, समारोह आयोजित कर गंदगी फैलाई तो पांच हजार रुपये का जुर्माना वसूला जाएगा।
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मुफ्त नहीं रहा डोर टू डोर कचरा संग्रहण
नगर पालिका परिषद ने डोर टू डोर कचरा संग्रहण पर आ रहे खर्च से उबरने के लिए यूजर चार्ज वसूलने का निर्णय लिया है। इसके तहत आवासीय भवन प्रति परिवार से चालीस रुपये प्रतिमाह, व्यवसायिक भवन प्रत्येक दुकान, जल पान गृह, रेस्टोरेंट से ढाई सौ रुपये प्रति माह, व्यवसायिक भवन प्रत्येक कांप्लेक्स व होटल एक हजार रुपये प्रतिमाह, व्यवसायिक भवन फैक्ट्री, अर्ध सरकारी संस्थान से पांच सौ रुपये प्रतिमाह, व्यवसायिक भवन चिकित्सा क्लीनिक, नर्सिंगहोम से पांच सौ रुपये प्रतिमाह और विवाह घर या समारोह पर दो हजार रुपये प्रतिमाह शमन शुल्क लिया जाएगा।
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नागरिकों एवं व्यवसायियों को हाउस टैक्स की तरह यूजर चार्ज देना होगा। वह चाहे तो प्रतिमाह दे सकते हैं या सालाना भी जमा कर सकते हैं। इसे प्रभावी कर दिया गया है।
- मधुसूदन जायसवाल, अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका परिषद