रेल नीर प्लांट को ललितपुर से भोपाल ले जाए जाने से आक्रोशित लोगों ने बैठक कर निर्णय लिया है कि केंद्र सरकार ने अपना निर्णय नहीं बदला तो सर्वदलीय आंदोलन किया जाएगा। इस संबंध में विपक्षी दलों के नेता आंदोलन की रणनीति बना रहे हैं?
सर्वदलीय आंदोलन करेंगे
वर्ष 2014 में केंद्रीय मंत्री प्रदीप जैन आदित्य की पहल पर रेल नीर प्लांट जिले को सौगात के रूप में मिला था। इससे बड़ी संख्या में युवाओं को रोजगार मिलने की संभावना थी। लेकिन, क्षेत्रीय सांसद व केंद्रीय मंत्री उमा भारती ने इस पर ध्यान नहीं दिया। नतीजा यह हुआ कि आज यह ललितपुर की जगह भोपाल में स्थापित होने जा रहा है। यदि ऐसा हुआ तो यह ललितपुर के युवाओं के छल होगा। ललितपुर स्टेशन के विकास का पैसा भी इसी तरह लौट चुका है। उन्होंने सर्वदलीय आंदोलन खड़ा करने की बात कही है।
हरीबाबू शर्मा, नगराध्यक्ष, कांग्रेस
बुंदेलखंड का छीना निवाला
अट्ठानवे करोड़ रुपये की लागत के नीर प्लांट को स्वीकृत कराने में काफी मेहनत की। इसे अब भोपाल शिफ्ट किया जा रहा है। यह कांग्रेस, भाजपा का मुद्दा नहीं है बल्कि बुंदेलखंड के रोजगार से जुड़ा है। महरौनी सागर रेलवे लाइन व कृषि महाविद्यालय भी ठंडे बस्ते में चला गया है। इसमें जनता को जागरूक होने की आवश्यकता है।
प्रदीप जैन आदित्य] पूर्व केंद्रीय मंत्री भारत सरकार
जानकारी नहीं
रेल नीर प्लांट कब स्वीकृत हुआ और कब चला गया? इसकी मुझे जानकारी नहीं है।
प्रदीप चौबे] सांसद प्रतिनिधि