ललितपुर। उत्तर प्रदेश महिला आयोग की सदस्य अर्चना पटेल ने महिला उत्पीड़न की रोकथाम एवं पीड़ित महिलाओं को त्वरित न्याय दिलाने के लिए लोक निर्माण विभाग के निरीक्षण भवन में महिला जनसुनवाई का आयोजन किया। उन्होंने एक-एक कर महिलाओं की समस्या सुनकर उनका निस्तारण कराकर अधिकारियों को जिला प्रोबेशन अधिकारी के माध्यम से उपलब्ध कराने के आदेश दिए।
जनसुनवाई के दौरान महिलाओं ने अपनी समस्याओं को रखा, आयोग की सदस्य ने मौजूद अधिकारियों से कहा कि वह मौके पर जाकर गुणवत्तापरक शिकायतों का निस्तारण करें। जिससे पीड़ित महिलाओं को न्याय मिल सके। उन्होंने कहा कि सरकार महिला सशक्तीकरण के कई कदम उठा रही है, साथ ही महिलाओं को न्याय दिलाने के सख्त कानून बनाए गए हैं, जिससे महिलाओं को त्वरित न्याय मिल सके। उन्होंने मौके पर 29 शिकायतों को सुना, सात शिकायतों का मौके पर निस्तारण किया गया। इस अवसर पर अपना दल से मोहन सैनी, ज्वाला प्रसाद पटेल, रामगुलाम श्रीवास, लवकुश तिवारी, भाजपा महिला जिलाध्यक्ष लक्ष्मी रावत, जेल अधीक्षक मुकेश कुमार, जेलर जीवन सिंह, जेल चिकित्सक विजय द्विवेदी, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. इंतियाज अहमद, उपजिलाधिकारी निशांत तिवारी, जिला प्रोबेशन अधिकारी नंदलाल सिंह, जिला सूचना अधिकारी डीएस दयाल सहित अन्य विभागों के अधिकारी/कर्मचारी उपस्थित रहे।
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महिला चिकित्सालय, जेल व कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय का किया निरीक्षण
महिला आयोग की सदस्य ने आंगनबाड़ी केंद्र पटौराकलां, जिला कारागार में महिला बैरक, महिला चिकित्सालय व कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय कल्यानपुरा का निरीक्षण कर महिलाओं एवं बालिकाओं की समस्याओं को जाना और उनसे वार्ता की।
महिला चिकित्सालय में उन्होंने प्रसव वार्ड में जाकर बुदनी मड़ावरा निवासी प्रसूता पूजा, शालिनी जैन व न्याय बोर्ड की सदस्य स्वेता कुमारी से वार्ता कर उनका हाल जाना और अस्पताल में मिलने वाली सुविधाओं की जानकारी ली, इस दौरान एक प्रसूता के शौचालय गंदे होने की शिकायत पर उन्होंने स्वयं शौचालय जाकर देखा, जिसको मुख्य चिकित्सा अधीक्षक को साफ-सफाई रखने के निर्देश दिए। जिला कारागार में महिला बैरक के निरीक्षण के दौरान उन्होंने 17 बंदी महिलाओं से वार्ता कर उनकी समस्याओं को जाना, उनके बैरक की साफ-सफाई एवं रसोई में जाकर भोजन की गुणवत्ता को परखा। आंगनबाड़ी केंद्र पटौराकलां पहुंचकर गर्भवती महिलाओं को पोषण किट वितरित कर उनकी गोदभराई कराई और महिलाओं एवं बच्चों को दिए जा रहे, पोषाहार की जानकारी प्राप्त की। कस्तूरबा गांधी बालिका आवासीय विद्यालय कल्यानपुरा का निरीक्षण कर बालिकाओं की पढ़ाई लिखाई के साथ रहने, खाने, सुरक्षा आदि की समीक्षा की कर आवश्यक दिशा निर्देश दिए।