प्लास्टिक के झंडे पर रोक होने के बाद भी बाजारों में इनकी बिक्री शुरू हो गई है। रविवार को कई बाइक सवार प्लास्टिक का झंडा लगाए इधर-उधर घूमते नजर आए। इस दौरान एसडीएम ने प्लास्टिक के झंडों की बिक्री पर कोतवाली प्रभारी को जांच के निर्देश दिए है।
तिरंगा हमारी राष्ट्रीयता का प्रतीक है। स्वतंत्रता एवं गणतंत्र दिवस के मौके पर हर कोई अपने अंदर छिपे देशप्रेम की भावना को जागृत करना चाहता है। बीते वर्षों में कंपनियों ने बाजारों में प्लास्टिक के झंडों बनाकर बेचना शुरू किया था। लेकिन स्थिति यह बनी कि प्लास्टिक झंडे कुछ दिनों पश्चात कूड़ाघर या सड़कों पर दिखाई देने लगते है। इसके मद्देनजर भारत सरकार ने प्लास्टिक के झंडों की बिक्री पर रोक लगा दी गई।
जब स्वतंत्रता दिवस के लिए कुछ दिन ही रह गए तो बाजारों में एक बार फिर प्लास्टिक झंडे नजर आने लगे हैं। रविवार को प्लास्टिक के झंडे बाइकों सहित अन्य वाहनों पर चिपके एवं लहराते दिखे। एसडीएम सदर महेश प्रसाद दीक्षित का कहना है कि प्लास्टिक के झंडे बाजार में होने की सूचना मिली है। यदि लोग प्लास्टिक झंडे का इस्तेमाल कर रहे हैं तो उनमें जागरूकता का अभाव है। इसकी बिक्री पर रोक लगाने के निर्देश प्रभारी कोतवाली निरीक्षक भरत कुमार पांडे को दे दिए हैं। उधर, प्रभारी कोतवाली निरीक्षक भरत कुमार पांडे का कहना है कि बाजार में प्लास्टिक झंडे की बिक्री नहीं होने दी जाएगी।