ललितपुर। थाना पाली के ग्राम पिपरिया जागीर निवासी ज्ञानबाई (65) पत्नी रामचरन लोधी बुधवार को कस्बा पाली में नीलकंठेश्वर की पहाड़ी के जंगल में पेड़ पर फांसी लगाकर जान दे दी। जानकारी मिलने पर थाना पाली पुलिस मौके पर पहुंच गई और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
ग्राम पिपरिया जागीर निवासी ज्ञानबाई अपने छोटे लड़के गुलाब सिंह के पास रहती थी। जबकि उसके दो बड़े बेटे अलग-अलग रहते हैं। ज्ञानबाई काफी लंबे समय से पेट दर्द की बीमारी से परेशान थी। बीते रोज बुधवार दोपहर बाद वह पाली में दवाई लेने की बात कहकर घर से निकली थी। जब वह काफी देर तक घर नहीं लौटी तो परिजनों ने उसकी खोजबीन शुरू कर दी, लेकिन देर रात तक उसका कहीं कोई पता नहीं चल सका। इसके बाद अगले दिन बृहस्पतिवार को सुबह सभी परिजन व ग्रामीणों ने गांव के आसपास व जंगलों में खोजबीन शुरू कर दी।
सुबह करीब आठ बजे खोजबीन के दौरान उसका शव नीलकंठेश्वर की पहाड़ी के जंगलों में गुंजा के पेड़ पर साड़ी से फांसी के फंदे पर लटका मिला। जानकारी मिलने पर थाना पाली पुलिस मौके पर पहुंच गई और शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतका के परिजनों ने बीमारी से परेशान होने के चलते फांसी लगाने की बात कही है। मृतका के बेटे मुलायम सिंह ने बताया कि उसकी मां का पंद्रह वर्ष पहले पेट का ऑपरेशन हुआ था। तब से उन्हें पेट में दर्द होता रहता था। डॉक्टर ने ऑपरेशन की बात कही थी, लेकिन वह ऑपरेशन कराने से मना करती थी। मृतका के तीन बेटा व दो बेटियां हैं।