बेसिक शिक्षा अधिकारी रामप्रवेश से बात करते उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ का एक प्रतिनिधि म
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ललितपुर। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ का प्रतिनिधिमंडल संघ के जिलाध्यक्ष के नेतृत्व में जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रामप्रवेश से मिला। उनसे शिक्षकों की लंबे समय से चल आ रही विभिन्न समस्याओं के संबंध में वार्ता की। बताया गया कि नवीन शिक्षकों की नियुक्ति से भी बंद और एकल विद्यालयों में शिक्षकों की समस्याएं दूर नहीं हो पाई हैं।
जिलाध्यक्ष राजेश लिटौरिया ने अवगत कराया कि नवीन नियुक्तियां होने के बाद भी जिले के अधिकतर विद्यालय बंद और एकल बने हुए हैं। जिन नवीन शिक्षकों को तैनाती दी गई है, उनमें से कई शिक्षकों को बंद और एकल विद्यालयों की जगह संतृप्त विद्यालयों में भेजा गया है। इससे विद्यालयों में शिक्षकों की तैनाती में विसंगति उत्पन्न हो गई है। यदि बंद व एकल विद्यालयों में पर्याप्त संख्या में शिक्षकों को नहीं भेजा गया तो ऐसे में शैक्षिक माहौल बेहतर बनाना मुश्किल हो जाएगा।
एक अध्यापक विगत कई वर्षों से विद्यालय नहीं पहुंचा है और वह संबद्धीकरण के सहारे नौकरी कर रहा है। ब्लाक बिरधा के पूर्व कंप्यूटर ऑपरेटर के विरुद्ध बैठाई जांच पूरी नहीं हो पाई है। अनुसूचित जाति /जनजाति शिक्षकों के चयन वेतनमान की मांग का मामला लंबे समय से कार्यालय में लंबित है। खंड शिक्षा अधिकारी के ऊपर लगे आरोपों के मामले में बीएसए ने शीघ्र विचार करने का आश्वासन दिया है। इस अवसर पर संगठन के जिला मंत्री अरुण गोस्वामी, आलोक श्रीवास्तव, संतोष रजक, मनोज झा, अनूप सैनी, सुशील रजक आदि उपस्थित रहे।