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मुडिया माइनर की गंदगी बनी जी का जंजाल

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महरौनी। कोरोना महामारी में लोगों को साफ- सफाई का पाठ पढ़ाया जा रहा है। लेकिन, महरौनी में आधा दर्जन मोहल्लों से गुजरने वाली नहर में गंदगी का अंबार है। इससे संक्रमण फैलने का खतरा बना हुआ है। परंतु, इस ओर किसी का ध्यान नहीं है। मोहल्लेवासी इसकी सफाई कराने की मांग कर रहे हैं।
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नगर पंचायत सीमा में जामनी बांध से निकली महरौनी रजवाहा नहर का मुडिया माइनर कस्बे की मॉस्टर कॉलोनी, मड़ावरा रोड, पंडा कॉलोनी, नाराहट रोड, कंचनपुरा, ललितपुर रोड, मंडी रोड और लेखपाल कॉलोनी के बीचों बीच से होकर निकल है। इन मोहल्लों की एक दर्जन से अधिक नालियों का और बरसात का पानी इसी माइनर से निकलता है। कीचड़युक्त गंदे पानी की निकासी के कारण माइनर दलदल युक्त नाले में तब्दील हो गया है। इसमें तीन से चार फिट गंदा पानी भरा रहता है। ऐसी दशा में संक्रमित रोगों की संभावनाएं हैं।
पूरे साल में एक बार माइनर में पानी छोड़े जाने से पहले सिंचाई विभाग द्वारा माइनर को साफ कराया जाता है, इसके बाद न नगर पंचायत सफाई कराती है, न किसी दवा का छिड़काव किया जाता है। इसका खामियाजा मोहल्लेवासियों को भोगना पड़ता है। माइनर में गंदगी भी इतनी पर्याप्त है कि जानवर भी पानी नहीं पीते। अगर कोई जानवर भूला- भटका माइनर में पहुंच जाए तो दलदल में फंस जाता है। शाम होते ही मच्छरों का प्रकोप मोहल्लेवासियों को सहना पड़ता है।
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माइनर बस्ती के अंदर डेढ़ से दो किलोमीटर की दूरी में फैला है, जिसमें कीचड़युक्त गंदा पानी बजबजा रहा है। माइनर के आसपास रहने बाले लोग आए दिन बीमारियों की चपेट में रहते हैं। लोग कूड़ा करकट भी इसी नहर में डालते हैं।
- नाथूराम, कंचनपुरा
नहर का माइनर नाला बन गया है। आए दिन इसमें गाय पानी पीने जाती हैं और कीचड़ वाले दलदल में फंस कर रह जाती हैं। उन्हें निकलने के लिए गोसेवकों को परेशानी उठानी पड़ती है, तब जाकर उनकी जान बचा पाते हैं।
- दीपक तिवारी, गोसेवक
माइनर कभी साफ नहीं होता। हर साल अक्तूबर के आसपास सिंचाई विभाग द्वारा जेसीबी से एक बार सफाई कराई जाती है। नगर पंचायत द्वाररा सफाई पर ध्यान नहीं दिया जाता। कीटनाशक का छिड़काव नहीं किया जाता है।
- शिवदयाल, मॉस्टर कॉलोनी
शाम होते ही मच्छरों का प्रकोप बढ़ जाता है। यहां के लोग मलेरिया के शिकार हो रहे हैं। बीमारी बिगड़ने से मरीज टाइफाइड का शिकार हो जाते हैं। लोगों को कोरोना का भी डर सता रहा है। गंदगी देखकर घर पर रिश्तेदार भी नहीं आते हैं।
- हजारी, मंडी रोड।
गंदगी से मोहल्लेवासी बहुत परेशान हैं। कोई देखने वाला नहीं है। एक ओर प्रशासन साफ- सफाई से रहने की बात कर रहा है, दूसरी औऱ माइनर में गंदगी भरी पड़ी है। इसी गंदगी में रहने को मजबूर हैं। घर के बाहर बैठ भी नहीं सकते।
- मुन्नालाल, लेखपाल कॉलोनी
कइयों बार मोहल्लेवालों ने शिकायतें कीं। माइनर की गंदगी साफ कराने की मांग की। लेकिन, केवल आश्वासन मिला कि माइनर साफ़ हो जाएगा। सफाई आज तक नहीं हुई। गंदगी चारों ओर पसरी है।
- सगुनिया, मंडी रोड
सिंचाई विभाग द्वारा माइनर को पक्का कराए जाने की बात तीन साल से सुन रहे हैं। लेकिन, आज तक माइनर पक्का नहीं हुआ। हर साल गंदा पानी का जमाव होना आम बात हो गई है।
- आकाश राजपूत, मड़ावरा रोड
हमारी देवरानी की बहन के पति की एक साल पहले इसी माइनर में मोटरसाइकिल सहित गिरने से मृत्यु हो गई थी। इसमें फैली गंदगी के दलदल से वह बाहर निकल नहीं पाए थे। बच्चों की देखरेख करनी पड़ती है।
- रेनुका साहू, नाराहट रोड
माइनर में गंदगी जमा हो जाने की जानकारी है। मैंने नगर पंचायत के अधिशासी अधिकारी से सफाई कराने को कहा है। इस पर उन्होंने शीघ्र सफाई कराने का आश्वासन दिया है।
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- ब्रजेश रिछारिया सभासद वार्ड नंबर दो
सिंचाई विभाग द्वारा माइनर की सफाई कराई जानी चाहिए, लेकिन नगर पंचायत द्वारा समय-समय पर माइनर की सफाई कराई जाती है। सफाई करा दी जाएगी।
- मधुसूदन जायसवाल, अधिशासी अधिकारी

मुड़िया माइनर में गंदगी- फोटो : LALITPUR

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