फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पत्थर कारीगर का बेटा बना सूबे का मंत्री

Mon, 20 Mar 2017 01:08 AM IST
lalitpur
विज्ञापन
व‌िध्‍ाायक - फोटो : amar ujala
विज्ञापन
भाजपा नेतृत्व ने सूबे के मंत्रिमंडल में पत्थर कारीगर के बेटे को जगह देकर सबको चौका दिया है। महरौनी विधायक मनोहर लाल पंथ उर्फ मन्नू कोरी की राजनीति जिला पंचायत के इर्दगिर्द ही रही है। वर्ष 2017 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने बड़ी जीत दर्ज कर सबका ध्यान अपनी ओर खींचा। इसकी बदौलत उन्हें मंत्रिमंडल में राज्यमंत्री बनाया गया है।
विज्ञापन



भारतीय जनता पार्टी में निम्न व मध्यम वर्ग को खूब तरजीह मिल रही है। इसी क्रम में प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मंत्रिमंडल में प्रदेश के अंतिम छोर की महरौनी विधानसभा सीट से विजयी हुए मनोहरलाल पंथ उर्फ मन्नू कोरी को स्थान दिया गया है। उनके पिता हरजू प्रसाद ग्राम धौर्रा में पत्थर कारीगर थे। मन्नू कोरी की शिक्षा हाईस्कूल उत्तीर्ण है। यह परीक्षा उन्होंने श्री वर्णी जैन इंटर कालेज से पास की थी। इसी दौरान वह राजनीतिक घराने बुंदेला परिवार के संपर्क में आ गए। उन्होंने बांसी सीट से जिला पंचायत सदस्य का पहला चुनाव लड़ा। इसमें उन्हें जीत हासिल हुई। इसके बाद जिला पंचायत का अगला चुनाव हार गए, लेकिन उनकी पत्नी कस्तूरी देवी थनवारा सीट से जिला पंचायत सदस्य का चुनाव जीत गई। मन्नू कोरी व उनकी पत्नी ने अगले जिला पंचायत चुनाव में फिर भाग्य आजमाया। इसमें दोनों की हार हुई। वर्ष 2010 में उन्होंने अपने बेटे चंद्रशेखर पंथ को जाखलौन सीट से जिला पंचायत सदस्य का चुनाव लड़ाया, जिसमें वह जीत गए। वर्ष 2015 में बिरधा सीट पर जिला पंचायत का चुनाव चंद्रशेखर पंथ ने लड़ा। इस चुनाव में उन्हें हार मिली। वर्ष 2012 में महरौनी सुरक्षित विधानसभा सीट पर भाग्य आजमाया। बसपा के फेरनलाल अहिरवार ने उन्हें करीब 1700 वोटों के अंतर से हरा दिया। वर्ष 2017 के चुनाव में उन्होंने 1,59,291 वोट प्राप्त किए, जबकि बसपा के उम्मीदवार फेरनलाल अहिवार को 59,727 मत हासिल हुए। इस तरह उन्होंने करीब 99 वें हजार वोट से जीत हासिल की। इस तरह उनका नाम बड़ी जीत दर्ज करने वाले विधायकों में शुमार हो गया। इसका प्रतिफल मंत्री के रूप में मिला है।      

उमा की करीबियों को मिला फायदा      
महरौनी विधायक मन्नू कोरी को क्षेत्रीय सांसद/केंद्रीय मंत्री उमा भारती के करीबी रहने का फायदा मिला है। उन्हें योगी आदित्यनाथ के मंत्रिमंडल में स्थान पाने में ज्यादा मेहनत नहीं करनी पड़ी। बुंदेलखंड में मन्नू कोरी व स्वतंत्र देव सिंह भी मंत्री बने हैं। इसमें मन्नू कोरी के लिए क्षेत्रीय सांसद उमा भारती का आशीर्वाद काम आया है।      
विज्ञापन


उम्मीदें      
पुतलीघाट के पुल का पुनर्निर्माण, खस्ताहाल सड़कों की मरम्मत, रोजगार, उद्योग धंधे, पर्यटन विकास, प्राचीन मंदिरों का विकास, जिला अस्पताल की अपग्रेडिंग, नलकूप कनेक्शनों पर किसानों को छूट, बांधों का मुआवजा, अतिवृष्टि का मुआवजा, अन्ना प्रथा पर अंकुश आदि शामिल हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें