ललितपुर। कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला चौकाबाग में पांच वर्ष पूर्व घर के बाहर टहल रहे वृद्ध की गोली मारकर हत्या करने के मामले में अपर सत्र न्यायाधीथ प्रथम यादवेंद्र सिंह की अदालत ने एक अभियुक्त को दोषी पाते हुए आजीवन कारावास और बीस हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है।
पांच वर्ष पूर्व 17 जुलाई 2020 को मोहल्ला चौकाबाग बड़ी नहर के पास निवासी पंकज उर्फ मोहित ने कोतवाली में तहरीर देकर बताया था कि उसके घर से कुछ दूरी पर पप्पू सेन अपनी पत्नी, बच्चों के साथ रहता था। उसके घर पर उसके भाई राहुल उर्फ रोहित का आना जाना था। उसके भाई को पप्पू सेन की पत्नी ने अपने प्रेमजाल में फंसा लिया। इसी रंजिश के चलते 16 जुलाई 2020 को रात करीब आठ बजे जब उसके पिता रघुनंदन वैध खाना खाने के बाद घर के बाहर टहलने निकले तो घर के पास में पप्पू सेन ने उसके पिता को गोली मार दी।
गोली की आवाज सुनकर उसने और उसके भाई मयंक ने आरोपी का पीछा किया तो उसने उन दोनों पर तमंचा तान दिया। वह पिता को सरकारी अस्पताल ले गए, जहां चिकित्सकों ने उसके पिता को मृत घोषित कर दिया। इस मामले में कोतवाली पुलिस ने आरोपी पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया था और आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में आरोप पत्र प्रस्तुत कर दिए थे। तब से यह मामला न्यायालय में विचाराधीन चल रहा था।
अब बृहस्पतिवार को अभियोजन पक्ष की ओर से पेश की गई दलीलों, साक्ष्यों व गवाहों की सुनवाई के आधार पर न्यायाधीश ने मोहल्ला चौकाबाग, हाल ग्राम बिरधा निवासी पप्पू सेन को हत्या के मामले में दोषी पाते हुए आजीवन कारावास और बीस हजार रुपये जुर्माना की सजा सुनाई है।
जुर्माना अदा न करने की स्थिति में दस माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।