शासन की नई तबादला नीति जारी होने के बाद भी जिले के कई सरकारी कार्यालयों के रिक्त पदों को अब तक भरा नहीं जा सका है। वर्तमान में जिले में मुख्य विकास अधिकारी, बीएसए, जिला सूचना अधिकारी व जिला कार्यक्रम अधिकारी के पद खाली चल रहे हैं। यही नहीं, इससे नीचे के भी अधिकारियों की कमी महसूस की जा रही है।
ललितपुर की पहचान बुंदेलखंड के अति पिछड़े जिले के रूप में है। इस जिले में अधिकांश अधिकारी स्थानांतरण पर आना नहीं चाहते हैं। जिससे कई कार्यालयों में अधिकारी, कर्मचारियों की कमी बनी रहती है। योगी सरकार ने सत्ता में आते ही इन बिंदुओं पर ध्यान दिया है। शासन की मंशा है कि पिछड़े जिलों में अधिकारियों की कमी नहीं रहना चाहिए। इसे ध्यान में रखकर तबादला नीति बनाई गई है। जिसमें एक जिले में तीन साल एवं मंडल में छह साल का समय पूरा करने वाले अधिकारियों को तबादले के दायरे में रखा है। इस नीति के तहत अधिकारियों के स्थानांतरण भी शुरू हो गए हैं।
लेकिन जिले में शासन की नीति का पालन होता दिखाई नहीं दे रहा है। पिछले महीने मुख्य विकास अधिकारी प्रवीण कुमार लक्षकार का स्थानांतरण हुआ, लेकिन उनके स्थान पर अन्य अधिकारी की तैनाती नहीं हुई। वर्तमान में परियोजना निदेशक डीआरडीए इसका अतिरिक्त प्रभार संभाल रहे हैं। इसी प्रकार बीएसए अंबरीश कुमार का स्थानांतरण हुआ तो उनके स्थान पर भी कोई तैनाती नहीं की गई। यहां का अतिरिक्त प्रभार मंडलीय सहायक शिक्षा निदेशक झांसी को दे दिया गया। जिला कार्यक्रम अधिकारी का पद लंबे समय से खाली चल रहा है।
इसका अतिरिक्त प्रभार जिला विकास अधिकारी संभाल रहे हैं। जिला सूचना अधिकारी का अतिरिक्त प्रभार पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी पीयूष राय को मिला हुआ है। कई अन्य कार्यालय भी कार्यालय अध्यक्ष की गैर मौजूदगी में कामचलाऊ व्यवस्था में चल रहे हैं।
बाल विकास अधिकारी के पद खाली
ब्लॉकों में बाल विकास अधिकारी के पद रिक्त चल रहे हैं। इनमें जखौरा, तालबेहट व नगर का ही पद भरा हुआ है। 12 से ज्यादा मुख्य सेविकाओं के पद खाली बने हुए हैं। वन विभाग में महरौनी का एसडीओ पद खाली चल रहा है। बेसिक शिक्षा विभाग में खंड शिक्षा अधिकारी नगर व तालबेहट का पद खाली बना हुआ है।
जिला उद्योग केंद्र में भी कई पद खाली
जिला उद्योग एवं उद्यम प्रोत्साहन केंद्र में उपायुक्त सहित कई पद खाली चल रहे हैं। इनमें तीन पद सहायक आयुक्त, चार पद सहायक प्रबंधक के पद रिक्त हैं। वहीं, जल संस्थान में भी अधिकारियों के कई पद खाली हैं।
स्थानांतरण प्रक्रिया में भर जाएंगे खाली पद
इस समय शासन की ओर से अधिकारियों के स्थानांतरण की प्रक्रिया चल रही है। जिन विभागों में अधिकारियों के पद रिक्त हैं, उन पर शासन की नजर है। उन्होंने जल्द ही रिक्त पद भरे जाने की उम्मीद जताई। मानवेंद्र सिंह
जिलाधिकारी ललितपुर।
तबादला नीति में भर जाएंगे रिक्त पद
शासन की नीति के तहत तबादले की प्रक्रिया प्रारंभ हो गई है। इसमें जल्द ही रिक्त पद भरे जाने की उम्मीद है और जिनका समय अधिक हो गया है, वह गैर जनपद स्थानांतरित हो जाएंगे।
गोविंद शरण
डीएफओ