संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। चार माह पहले पुलिस अभिरक्षा में युवक की मौत के मामले में पुलिसकर्मियों पर दर्ज मुकदमे की जांच शुरू हो गई है। बुधवार को सीजेएम कोर्ट ने तत्कालीन राजघाट चौकी प्रभारी सहित चार पुलिसकर्मियों और छह अन्य विपक्षियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने का आदेश दिया। 20 अक्तूबर 2024 को कोतवाली अंतर्गत चौकी राजघाट अंतर्गत ग्राम टौरिया निवासी गोलू राजा की एक शिकायत होने पर चौकी राजघाट पुलिस शांतिभंग में चालान करते हुए एसडीएम कोर्ट लेकर जा रही थी। रास्ते में गोलू राजा की हालत बिगड़ गई थी। 21 अक्तूबर को गोलू राजा की ग्वालियर में इलाज के दौरान मौत हो गई थी। मृतका की पत्नी ने तत्कालीन राजघाट चौकी प्रभारी व चार पुलिसकर्मियों और गांव के छह विपक्षियों पर पुलिस अभिरक्षा में प्रताडि़त करने से गोलू राजा की मौत होने का आरोप लगाया था और सीजेएम न्यायालय को प्रार्थना पत्र दिया था। जिसके बाद सीजेएम के आदेश पर कोतवाली पुलिस ने तत्कालीन चौकी राजघाट प्रभारी ओमबाबू तिवारी, सिपाही मनोज, सिपाही संतोष सिंह और दो अन्य पुलिसकर्मियों सहित लल्लू राजा, मानूराजा, रानूराजा, राजपाल सिंह, चालीराजा, महेंद्र के खिलाफ युवक की मौत का केस दर्ज कर लिया था। पुलिसकर्मियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज होने के बाद विभाग में हड़कंप मच गया था। बृहस्पतिवार को कोतवाली पुलिस ने इस मुकदमे को लेकर प्रारंभिक जांच पड़ताल शुरू की। जिसमें पुलिस ने इस मामले में पूर्व में दर्ज कराए गए मुकदमे का भी अवलोकन करने में जुट गई है।