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आयुष अस्पताल में बेड पचास, डॉक्टर महज एक

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दैलवारा आयुष चिकित्सालय का खाली पड़ा चिकित्सक कक्ष - फोटो : LALITPUR
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ललितपुर। जिले के ब्लॉक जखौरा के गांव दैलवारा में स्थित 50 बेड का आयुष अस्पताल मरीजों की उम्मीदों पर खरा नहीं उतर पा रहा है। यहां पर विशेषज्ञों व संसाधनों की कमी से मरीजों को समुचित उपचार नहीं मिल पा रहा है। यहां केवल एक डॉक्टर तैनात है। जिसके चलते दिन में मरीजों को भर्ती किया जाता है। रात होते ही ताला लटक जाता है। हालात यह हैं कि अस्पताल में महज प्राथमिक सेवाएं व सामान्य उपचार की सुविधाएं ही मिल पा रही हैं।
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शासन ने आयुष पद्घति से उपचार की सुविधा देने के लिए दैलवारा में 50 शैय्या के आयुष अस्पताल का निर्माण कराया है। इसमें एक ही छत के नीचे आयुर्वेद, योग, यूनानी और होम्योपैथी से इलाज की सुविधा की गई है। इस अस्पताल में ओपीडी ही नहीं, बल्कि मरीजों की भर्ती की सुविधा दी गई। मरीजों को हिजामा थेरेपी, पंचकर्म व सिरोधारा समित जैसी सुविधाएं की गईं हैं। इसके साथ ही अस्पताल में सर्जरी, अल्ट्रासाउंड, ईएनटी, गठिया, मेडिसिनी, बाल रोग, स्त्री रोग विभाग, पैथोलॉजी और इमरजेंसी की भी सुविधा की गई है। अस्पताल में आयुर्वेदिक पद्धति का इलाज ऐलोपैथी की अपेक्षा उपचार बहुत सस्ता पड़ता है। ऐसे में अस्पताल में प्रतिदिन लगभग 80 से 90 लोग उपचार कराने पहुंच रहे हैं। लेकिन अस्पताल संसाधनों व विशेषज्ञ चिकित्सकों के अभाव में मरीजों की उम्मीदों पर खरा नहीं उतर पाया है। यहां पर एक मेडिकल सुपरटेंडेंट तैनात हैं, एनस्थेटिक-एक पद के सापेक्ष कोई तैनात नहीं है। रेडियोलाजिस्ट के स्वीकृत एक पद के सापेक्ष एक भी नियुक्त नहीं है। रोग विज्ञानी विशेषज्ञ के स्वीकृत एक पद के सापेक्ष कोई भी नियुक्त नहीं है। वहीं नेत्र रोग विशेषज्ञ भी नहीं है। स्त्री रोग विशेषज्ञ के स्वीकृत एक पद के सापेक्ष एक भी तैनात नहीं है। यही नहीं नर्सिंग स्टाफ-12 पदों के सापेक्ष मात्र चार ही तैनात हैं।
ऐसे में अस्पताल की सुविधाओं की स्थिति का अंदाजा सहज ही लगाया जा सकता है। वर्तमान में अस्पताल आने वाले मरीजों को प्राथमिक उपचार व सामान्य उपचार की सुविधा देकर मात्र ही चलता रहा है। विशेषज्ञों के अभाव में मरीजों को भर्ती की सुविधा नहीं है। केवल दिन में ही मरीजों को भर्ती किया जा रहा है। इसके अलावा शाम होते ही अस्पताल पर ताला लटक जाता है। ऐसे में इमरजेंसी सेवाएं भी नहीं मिल पा रही हैं। इसके चलते बेहतर उपचार की उम्मीद लगाने वाले मरीजों को मायूसी मात्र ही हाथ लग रही है। इससे मरीजों को जिला अस्पताल में उपचार के लिए आना पड़ रहा है।
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दस माह बाद भी नहीं मिली जांच की सुविधा
आयुष अस्पताल में मरीजों केे कई जांच की सुविधाएं भी मुहैया कराए जाने की सुविधा है, लेकिन दस माह में पैथोलॉजी की मशीनें पूरी तरह से शिफ्ट तक नहीं हो पाई हैं। कई मशीनें तो अब तक अस्पताल तक को उपलब्ध नहीं हो पाईं हैं। ऐसे में मरीजों को जांचों के अभाव में समुचित उपचार तक मुहैया नहीं हो पा हा है।
अस्पताल में विशेषज्ञों की तैनाती नहीं हो पाई है। जांच की मशीनें शिफ्ट होने का कार्य चल रहा है। कुछ मशीने आना बाकी हैं। इसके लिए शासन को पत्राचार किया गया है। विशेषज्ञ मिलते ही बेहतर उपचार की सुविधा मुहैया कराई जाएगी।
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डॉ. धर्मेंद्र मौर्या, चिकित्सा अधीक्षक, आयुष अस्पताल दैलवारा, ललितपुर
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