- अब भी 82,680 किसानों की ई-फार्मर रजिस्ट्री होना बाकी
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। अबतक जनपद में 1.28 लाख किसानों की ई-फार्मर रजिस्ट्री हो चुकी है। इस दौरान पंद्रह हजार किसान अपात्र पाए गए हैं, जिन्हें विभाग द्वारा संशोधित किया जा रहा है।
कृषि विभाग में 2,60,165 किसान पंजीकृत हैं। शासन की योजना के तहत अब सभी किसानों को ई-फार्मर रजिस्ट्री कराना अनिवार्य कर दिया गया है। ऐसे में अब कृषि विभाग में संचालित विभिन्न योजनाओं का लाभ उन्हीं किसानों को मिल सकेगा, जिनकी ई-फार्मर रजिस्ट्री होगी। ई-फार्मर रजिस्ट्री नहीं होने की स्थिति में कृषि विभाग में पंजीकृत होने के बाद भी उन्हें योजनाओं का लाभ नहीं मिल सकेगा। इसके चलते कृषि विभाग के अधिकारियोंं व कर्मचारियों द्वारा हर रोज गांव-गांव जाकर किसानों की ई-फार्मर रजिस्ट्री करा रहे हैं और हर रोज सात सौ से एक हजार ई-फार्मर रजिस्ट्री कराई जा रही हैं। कृषि विभाग में पंजीकृत इन किसानों में से 15, 672 किसान अपात्र पाए गए हैं।
वहीं, चकबंदी वाले 33,275 ऐसे किसान हैं, जिनकी ई-फार्मर रजिस्ट्री नहीं हो पा रही है। इस प्रकार अभी तक जनपद में 82,680 किसान की ई-फार्मर रजिस्ट्री होना अभी बाकी है। जिला कृषि अधिकारी राजीव कुमार भारती ने बताया कि अधिकारियों द्वारा हर रोज गांव-गांव जाकर ई-फार्मर रजिस्ट्री बढ़ाने के लिए किसानों को प्रेरित कर रहे हैं, ताकि उन्हें योजनाओं के लाभ से वंचित न होना पड़े।
पीएम सम्मान निधि से वंचित रह गए थे 15 हजार किसान
शासन की योजना के तहत ई-फार्मर रजिस्ट्री कराना हर किसान को अनिवार्य कर दिया गया है। बीते 19 नवंबर को शासन द्वारा जारी की गई पीएम किसान सम्मान निधि की 21वीं किस्त जारी की गई थी, जिसमें ई-फार्मर रजिस्ट्री नहीं कराने वाले पंद्रह हजार से अधिक किसानों की सम्मान निधि रोक दी गई थी।