ललितपुर। सिद्धपीठ चंडीमंदिर धाम में बुधवार को श्रद्धालुओं ने 13 लाख पार्थिव शिवलिंग का निर्माण किया और विधि विधान से पूजन अर्चन किया। इस दौरान कथा व्यास ने महाशिवपुराण की कथा का वर्णन किया।
बुधवार सुबह से पार्थिव शिवलिंग बनाने के लिए श्रद्धालु बड़ी संख्या में मंदिर स्थित मंगल सभागार पहुंचे और पवित्र माटी से पार्थिव शिवलिंग का निर्माण शुरू किया। शिवलिंग बनाकर श्रद्धालुओं ने अपने थालों में ही अभिषेक किया। फिर पार्थिव शिवलिंग का चंदन तिलक करते हुए बेलपत्र चढ़ाए और चंडीपीठाधीश्वर ने यहां मंत्रोच्चार करते हुए विधि विधान से पूजन कराकर महाआरती की। वहीं प्रातःकालीन बेला में श्रीरुद्रमहायज्ञ का पंचांग पूजन व पीठ पूजन किया गया। श्रीरुद्रमहायज्ञ की पूर्णाहुति दी गई। मुख्य यजमान हरिशंकर साहू, डाॅ. अनूप श्रीवास्तव, डाॅ. रानी श्रीवास्तव, गिरीश शर्मा, गिरीश खरे, अश्विनी पुरोहित गोलू ने सपरिवार भाग लिया। श्रीरामकथा पंडित चंद्रभूषण पाठक ने सुनाई।
चंडीपीठाधीश्वर महामंडलेश्वर स्वामी चंद्रेश्वर गिरि महाराज ने महाशिवपुराण का वर्णन करते हुए कहा कि भगवान शिव की आराधना से रोग, शोक नहीं रहता, क्योंकि वह वैद्यनाथ हैं। भगवान शिव को कुबेर का अधिपति माना गया है। सभी महापुराणों में शिवमहापुराण को सर्वाेपरि बताया गया है। यह पुराण ही सभी महापुराणों का सार है। उन्होंने कहा कि मन शिवमय होकर शिव भक्ति और शिव लीला में लीन हो जाता है। शिवजी का कल्याणकारी स्वरूप इन्हें सर्वाेपरि बनाता है। यह पुराण शिव आराधना और पूजा का विस्तृत वर्णन करता है। श्रीरामचरितमानस की महाआरती गंधर्व सिंह लोधी ने की। इस दौरान विधायक रामरतन कुशवाहा, बाबा हीरानंदगिरि, गजेंद्र राजा बुंदेला, सरदार बीके सिंह, राजीव बबेले, अनूप मोदी, अश्विनी पुरोहित, बृजमोहन संज्ञा, राहुल शुक्ला, बृजेश तिवारी, शत्रुघन यादव, लक्ष्मीनारायण साहू, संतोष साहू, रामकृपाल गुप्ता, शांतनु पुरोहित आदि उपस्थित रहे।
आज धूमधाम से निकलेगी भोले की विदाई यात्रा
सवा पांच करोड़ पार्थिव शिवलिंग निर्माण आयोजन के समापन के अवसर पर आज बृहस्पतिवार को शहर के मुख्य मार्गों से भोले की विदाई यात्रा निकाली जाएगी। भोले की विदाई सिद्धपीठ चंडी मंदिर धाम से शुरू होकर वर्णी चौराहा, तुवन चौराहा, घंटाघर, सावरकर चौक होते हुए सुम्मेरा तालाब पर पहुंचेगी। यात्रा में भाग लेने के लिए कई हिस्सों से महामंडलेश्वर आ रहे हैं। यात्रा के संयोजक सुरेंद्र यादव राजू होंगे।