ङोगरा खुर्द (ललितपुर)। प्रयाग पीठाधीश्वर जगतगुरु शंकराचार्य स्वामी ओंकारानंद सरस्वती महाराज ने कहा कि जनपद में प्राचीन धार्मिक स्थल हैं, इन्हें धार्मिक पर्यटन स्थलों के रूप में विकसित किया जा सकता है। वह रविवार को सिद्ध क्षेत्र अमझरा सरकार में चल विष्णु महायज्ञ में शामिल हुए।
शुक्रवार रात दिल्ली से आए स्वामी ओंकारानंद सरस्वती महाराज जिले के धार्मिक एवं पर्यटन स्थल अमझरा घाटी हनुमान मंदिर और डोंगरा खुर्द में पहाड़ी पर विराजमान डुंगरासन माता के दर्शन करने पहुंचे। इस दौरान विंध्यवासिनी माता मंदिर में वैदिक मंत्रों के साथ देवी मां का पूजन किया। उन्होंने कहा कि ङुंगरासन माता मंदिर में विराजमान माता रानी, अमझरा में हनुमान लला के दर्शनों के लिए देश के कोने-कोने से श्रद्धालु आते और धर्म लाभ लेते हैं। इन धार्मिक स्थानों को पर्यटन के रूप में विकसित किए जाने की जरूरत है।
डुंगरासन माता के दर्शनों के बाद स्वामी ओंकारानंद महाराज की भव्य आगवानी की गई। श्रद्धालुओं ने जयकारे लगाए एवं फूल मालाएं पहनाकर स्वागत किया। इधर,अमझरा घाटी स्थित हनुमान मंदिर पहुंचे शंकराचार्य ने हनुमान लला के दर्शन किए और विधि विधान से पूजा अर्चना की। इस मौके पर कृष्ण सखा उद्धव महाराज, अजय प्रताप सिंह, अक्षय आलया, प्रदीप त्रिपाठी, महेंद्र आचार्य, रामनारायण तिवारी, लवी राजा, जितेंद्र सिंह, छोटू तिवारी, रजनीश, जयराम कुशवाहा, अखिलेश यादव आदि मौजूद रहे।