फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

गैर इरादतन हत्या में दो पर दोष सिद्ध

Tue, 12 Jan 2016 12:56 AM IST
ब्यूरो
विज्ञापन
विज्ञापन
ललितपुर। अपर सत्र न्यायाधीश दिनेश कुमार की अदालत ने गैर इरादतन हत्या के मामले में सुनवाई करते हुए दो अभियुक्तों पर दोष सिद्ध पाया, जबकि दो अभियुक्तों को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया गया।
विज्ञापन


एक नाबालिग अभियुक्त का मामला जुवेनाइल कोर्ट में विचाराधीन चल रहा है। न्यायालय द्वारा सजा के बिंदू पर सुनवाई करते हुए मंगलवार को दोषी अभियुक्तों को सजा सुनाई जाएगी।

आठ वर्ष पूर्व की घटना में ग्राम ऐरा निवासी पर्वत सिंह ने 29 जून 2007 को थाना जाखलौन में तहरीर देकर अवगत कराया था कि शाम चार बजे उसके भतीजे सोबरन सिंह, प्रतिपाल सिंह व श्रीबाई बमूर वाली खेत पर उर्द की बुवाई करने गए थे।
विज्ञापन


गांव के रीनू कुर्मी, व प्रागी का बड़ा पुत्र पन्नालाल व मंझला पुत्र तीनों हाथों में कुल्हाड़ी और डंडा लेकर आए व उसके भतीजों के खेत में उर्द बुवाई से मना करने लगे और गालियां देने लगे। उसके भतीजों व बहू ने गालियां देने से मना किया तो तीनों आरोपियों ने उसके भतीजों व बहू पर कुल्हाड़ी व डंडे से हमला कर दिया, जिससे उसके भतीजे सोबरन सिंह को सिर में काफी चोट आईं है और श्रीबाई को हाथ-पैर में लाठियां मारी गईं।

उसने मारपीट करने से मना किया और चीखने चिल्लाने पर गांव के अन्य लोग वहां आ गए थे। इस पर सभी लोग थाने में कार्रवाई करने पर जान से मारने की धमकी देते हुए भाग गए।
 
मारपीट में चुटहिल हुए उसने अपने भतीजों और घायल बहू को ग्रामीणों की मदद से जिला अस्पताल पहुंचाया। यहां सोबरन सिंह की हालत गंभीर होने पर उसके झांसी और फिर ग्वालियर भर्ती कर दिया गया। पर्वत सिंह की तहरीर पर थाना जाखलौन पुलिस ने जान से मारने के प्रयास और मारपीट करने, जान से मारने की धमकी देने आदि की धाराओं में मामला पंजीकृत कर लिया। घटना के अगले ही दिन गंभीर रूप से घायल सोबरन सिंह की ग्वालियर में मृत्यु हो गई।

जिस पर पुलिस ने उक्त मामला गैर इरादतन हत्या की धारा में तरमीम कर दिया और दो अन्य अभियुक्त ज्ञानबाई व मसौराखुर्द निवासी अनिल को नामजद करते हुए आरोप पत्र न्यायालय में प्रस्तुत किए। तब से मामला न्यायालय में विचाराधीन चल रहा था।

अपर जिला और सत्र न्यायाधीश ने सोमवार को उक्त मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से पेश किए गए गवाहों, साक्ष्यों व दलीलों के आधार पर सुनवाई करते हुए दो अभियुक्त पन्नालाल और राजनारायण को गैर इरादतन हत्या और मारपीट करने, जान से मारने की धमकी के आरोप में दोष सिद्ध पाया। अनिल व ज्ञान बाई को साक्ष्य के अभाव में बरी कर दिया गया। न्यायालय द्वारा आज उक्त मामले में सजा सुनाई जाएगी। पैरवी सहायक जिला शासकीय अभिवक्ता बादाम सिंह यादव ने की।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें