विकास भवन के सामने राष्ट्रीय पंचायती राज ग्राम प्रधान संगठन की आयोजित बैठक में ग्राम प्रधानों की हो रही अनदेखी पर रोष व्यक्त किया गया। वक्ताओं ने कहा कि यदि उन्हें सम्मान नहीं मिला तो वह अपने पद से इस्तीफा दे देंगे।
जिलाध्यक्ष जितेंद्र सिंह जीतू राजा ने कहा कि ग्राम प्रधान ग्राम के विकास के लिए शासन और प्रदेश सरकार की इच्छा के अनुरूप कार्य कर रहे हैं। विकास कार्यों को पूरा करने के लिए दिन रात एक करते रहते हैं। विकास कार्यों को देखकर विपक्षी अपना भविष्य अंधकार में जाता देखकर फर्जी शिकायत कर रहे हैं। षड्यंत्र रचकर एक कार्य की कई बार जांच कर रहे हैं। बगैर शपथ पत्र के ही शिकायत कर रहे हैं। प्रधानों को जानबूझ कर खलनायक बनाया जा रहा है। इसी तरह झूठी शिकायतों के आधार पर प्रधानों पर कार्रवाई होती रही तो कलमबंद हड़ताल करने के लिए मजबूर होंगे। फिर भी अधिकारी नहीं चेते तो सामूहिक रूप से जनपद के समस्त प्रधान सार्वजनिक इस्तीफा देने को मजबूर हो जाएंगे। इसकी जिम्मेदारी जिले के अधिकारियों व प्रदेश सरकार की होगी। प्रधान संगठन ने जिलाधिकारी मानवेंद्र सिंह को ज्ञापन सौंपकर बताया कि प्रधानों को गांव की जनता द्वारा एक संवैधानिक पद देते हुए एक इज्जत दी गई है। इससे प्रधानों की शिकायतों को निष्पक्ष रूप से जांच कर दोषी पाए जाने पर कार्रवाई की जानी चाहिए। इस दौरान बृजकिशोर तिवारी, कृपाल सिंह यादव, राजकुमारी, मीरा, हरिश्चंद्र लोधी, गुड्डी, अनुपम चौबे, ऊदल सिंह लोधी मौजूद रहे।