तालबेहट (ललितपुर)। माताटीला बांध की सुरक्षा में लगे पुलिस कर्मियों ने शनिवार को ड्यूटी पर जा रहे एक बांधरक्षक की धुनाई कर दी। घायल को सीएचसी तालबेहट लाया गया। इस घटना को लेकर सिंचाई विभाग के कर्मचारियों में पुलिस कर्मियों के खिलाफ आक्रोश देखा गया।
बताया जा रहा है इस समय जल विद्युत उत्पादन गृह माताटीला में निर्माण कार्य चल रहा है, जिसके चलते शनिवार सुबह 10 से चार बजे तक बांध के ऊपर से वाहनों का आवागमन बंद कर दिया गया था। इसी के तहत दोनों ओर के दरवाजे बंद कर थे। उत्तर प्रदेश की सीमा में बनी पुलिस चौकी से कुछ ही दूरी पर माताटीला बांध प्रखंड का केबिन है, जिसमें ड्यूटी पर रहने वाले कर्मचारी पानी की माप के अलावा अन्य विभागीय कार्य और देखरेख का कार्य करते है। शनिवार को चार बजे के लगभग बांध रक्षक हीरालाल पुत्र मुन्नालाल साइकिल से ड्यूटी पर जा रहा था। अंदर जाने के मामले को लेकर दोनों में बहस हो गई। बहस इतनी बड़ी की दोनों पुलिस कर्मियों ने उसकी लात, घूसों, बैल्टों से जमकर धुनाई कर दी।
इस संबंध में पीड़ित हीरालाल का कहना है कि दोनों पुलिस कर्मियों ने उसकी लात, घूसों और बैल्टों से जमकर मारपीट की और बाद में उसे रस्सी से बंधक बना लिया। इसकी जानकारी होने के बाद विभागीय कर्मचारियों ने मौके पर आकर उसे छुड़ाया और उपचार के लिए सीएचसी तालबेहट लाए। समाचार लिखे जाने तक हीरालाल का सीएचसी में उपचार चल रहा था। चिकित्सकों के अनुसार उसे सिर में चोट होने की संभावना के चलते कुछ घंटें परीक्षण के लिए सीएचसी में रोक कर रखा गया है।
वहीं, इस घटना से सिंचाई विभाग के कर्मचारियों में पुलिस कर्मियों के प्रति आक्रोश देखा गया है। कर्मचारियों ने इस घटना के दोषी पुलिस कर्मियों के खिलाफ सीएचसी में ही रणनीति बनाना प्रारंभ कर दी थी। देखना यह है कि उनकी यह रणनीति कितनी कारगर होती है।
शिकायत आने पर अवश्य कार्रवाई होगी
तालबेहट (ललितपुर)। माताटीला बांध प्रखंड के कर्मचारी और पुलिस कर्मियों के बीच हुई मारपीट के संबंध में जव प्रभारी निरीक्षक हाकिम सिंह से जानकारी ली तो उनका कहना था कि पुलिस कर्मी ने अधिकारियों के आदेश का पालन करते हुए गेट बंद किए थे। इसी बात को लेकर हीरालाल उनसे गालीगलौच और मारपीट करने लगा। उनके अनुसार उस समय हीरालाल की स्थिति ठीक नहीं थी। यदि हीरालाल शिकायती पत्र देता है तो अवश्य कार्रवाई की जाएगी।