ललितपुर। दरिंदगी की हद पार करते हुए दो लोगों ने ट्रेन में मूक बधिर महिला से बलात्कार किया। इसके बाद उसकी जीभ काट ली। ललितपुर स्टेशन आने पर उन्होंने महिला को धक्का देकर प्लेटफार्म पर गिरा दिया, जिससे वह घायल हो गई। महिला को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पीड़ित महिला मऊरानीपुर की निवासी है।
शुक्रवार की आधी रात को रेलवे स्टेशन के प्लेटफार्म एक पर लहूलुहान अवस्था में एक महिला पड़ी पाई गई। सूचना पर पहुंची जीआरपी ने महिला को जिला अस्पताल में भर्ती कराया। महिला के पास मिले कागजातों के आधार पर उसकी पहचान की गई। महिला ना तो बोल पा रही थी और ना सुन पा रही थी।
पूछताछ के दौरान इशारों में महिला ने बताया कि उसके साथ दो लोगों ने बलात्कार किया, लेकिन पूरी बात किसी की समझ में नहीं आई। इस पर जिलाधिकारी डा रूपेश कुमार को सूचना दी गई। डीएम के आदेश पर आदर्श विद्यालय में मूक बधिर बच्चों को पढ़ाने वाले शिक्षक मदन मोहनराज को अस्पताल भेजा गया। शिक्षक ने महिला से संकेतों में पूछताछ की तो उसने बताया कि उसका मायका बांदा में है।
उसे मऊरानीपुर स्थित ससुराल जाना था। नींद आ जाने के कारण वह झांसी पहुंच गई। झांसी से वह मऊरानीपुर की जगह गल्ती से किसी अन्य ट्रेन में सवार हो गई। इसी ट्रेन में मौजूद दो लोगों ने पहले उससे इशारे किए। रात में जब यात्री सो गए तो उसे जबरदस्ती खींच कर बाथरूम में ले जाकर बलात्कार किया गया।
इसके बाद उसकी जीभ काट दी। ललितपुर स्टेशन पर गाड़ी के पहुंचने पर उसे प्लेटफार्म पर धक्का मारकर गिरा दिया। महिला ने यह भी बताया कि बलात्कार करने वालों के साथ एक महिला भी थी।
पीड़ित महिला के पास मिली डायरी में मिले मोबाइल नंबर लगाए गए, जिसमें से एक नंबर मध्य प्रदेश के ग्वालियर के डबरा कस्बा निवासी उसकी रिश्तेदार का था। उक्त महिला ने बताया कि पीड़िता उसकी मौसी है और बचपन से गूंगी- बहरी है। मौसी के पति का तीन माह पहले निधन हो गया है। उसके तीन बच्चे हैं।
घटना की जानकारी होने पर सीओ सदर ओमकार सिंह यादव, कोतवाली प्रभारी उदयभान सिंह, जीआरपी थानाध्यक्ष महेश दुबे ने जिला अस्पताल पहुंचकर शिक्षक के साथ महिला से घटना की जानकारी ली। जीआरपी द्वारा अज्ञात लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जारहा है। इस संबंध में महिला के परिजनों को सूचना दे दी गई है।
‘घटना गंभीर है। अभी रिपोर्ट नहीं आई है। रिपोर्ट आने के बाद अगली कार्रवाई की जाएगी।’
डा. रूपेश कुमार
जिलाधिकारी।