गढ़ौली में किशोरी ने लगाई फांसी
ललितपुर। जिले में दो अलग-अलग मामलों में एक युवक और एक किशोरी ने फांसी लगाकर जान दे दी। थाना जाखलौन अंतर्गत ग्राम गढ़ौली में एक किशोरी ने जामुन के पेड़ पर कपड़े से फांसी लगाकर जान दे दी। वह मोबाइल फोन पर बात कर रही थी, परिजनों ने डांटा तो क्षुब्ध होकर जान दे दी। जानकारी मिलने पर पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
बुधवार को सुबह ग्राम गढ़ौली निवासी बिन्नू राजा (15) पुत्री देव सिंह पानी भरने की बात कहकर घर से निकल गई। उसने घर से करीब पांच सौ मीटर की दूरी पर एक खेत में जामुन के पेड़ पर कपड़े का फंदा बनाकर फांसी लगाकर जान दे दी। घर के पास में ही रहने वाले जब कुछ लोग वहां से निकले तो किशोरी को फांसी के फंदे पर लटकता देख। इसकी सूचना उसके परिजनों को दी गई, जिसके बाद गांव में यह बात फैल गई।
परिजनों ने इसकी सूचना पुलिस को दी, जिस पर पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर किशोरी के शव को फांसी के फंदे से नीचे उतारा और पंचनामा भरकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। किशोरी सात बहनों में छठवें नंबर की थी। थानाध्यक्ष ऐके सिंह चौहान ने बताया कि किशोरी मोबाइल फोन पर बात कर रही थी, परिजनों ने डांटा तो उसने जान दे दी।
उधर, थाना सौजना अंतर्गत ग्राम नाबई में एक युवक ने फांसी लगाकर जान दे दी। ग्राम नाबई निवासी खुशीराम बुनकर (26) पुत्र स्व.पर्वत मंगलवार की रात को करीब नौ बजे घर से खाना खाने के बाद खेत पर ईंटों के भट्टा लगाने की बात कहकर निकल गया। इसके बाद वह आधी रात को करीब 12 बजे लौटकर घर आया और पानी पीकर फिर से चला गया। बुधवार की सुबह खेत की ओर जा रही उसके परिवार की एक महिला ने उसका शव सागौन के पेड़ पर लटकता हुआ देखा। उसने इसकी जानकारी परिजनों को दी, जिससे परिवार में कोहराम मच गया। परिवार के लोगों के साथ ग्रामीण भी मौके पर पहुंच गए और पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को पेड़ से नीचे उतरवाया और पंचनामा भरकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मृतक के भाई राजकुमार ने बताया कि खुशीराम मजदूरी करता था। वह नशा करता था।
प्रभारी थानाध्यक्ष सोजना नरेश कुमार ने बताया कि ग्राम नाबई निवासी खुशीराम नशा का आदी बताया गया है। बीती रात वह ईंट भट्टा लगाने की कहकर निकला था। इसके बाद पास में खेत में सागौन के पेड़ पर उसने फांसी लगा ली, जिससे उसकी मौत हो गई।