संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। जिला अस्पताल परिसर में शनिवार को झांसी के एक नर्सिंग होम की ओर से लगा स्वास्थ्य शिविर चर्चा का विषय बना रहा। आरोप है कि नर्सिंग होम के डॉक्टरों ने यहां ओपीडी के मरीजों को भी देखा और उनकी जांच कराई। इस मुद्दे पर विभागीय अफसरों के विरोधाभासी बयान सामने आए हैं।
मेडिकल कॉलेज में तब्दील जिला अस्पताल में शनिवार को एक नर्सिंग होम ने बैनर लगाकर शिविर लगाया। यहां ओपीडी में नर्सिंग होम के चिकित्सकों ने मरीजों से मर्ज जाना और बगल के कक्ष में सामान्य जांच भी की। इससे जिला अस्पताल के चिकित्सक ओपीडी में नजर नहीं आए और मरीज इधर-उधर भटकते हुए वापस हो गए। वहीं, सरकारी अस्पताल के चिकित्सक भी शिविर में सहयोग करते नजर आए।
-
जिला अस्पताल में निजी नर्सिंगहोम के शिविर की नहीं दी अनुमति
जिला अस्पताल के एनसीडी सेल में निजी नर्सिंग होम के द्वारा बैनर लगाकर शिविर लगाए जाने के मामले में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. इम्तियाज अहमद ने बताया कि सीएमओ कार्यालय से कोई अनुमति नहीं दी है। सरकारी परिसर में निजी नर्सिंग होम का शिविर लगाया जाना गलत है। यह नियम विरुद्ध है।
-
सरकारी परिसर में नहीं लग सकता नर्सिंग होम का शिविर
जिला अस्पताल या किसी सरकारी अस्पताल में नर्सिंग होम का बैनर लगाकर या बिना बैनर के कोई शिविर नहीं लगाया जा सकता। यह पूरी तरह गलत है। विभागीय अधिकारियों से जानकारी की जाएगी।
- डॉ. आरके सोनी, अपर स्वास्थ्य निदेशक
-
यह मेरा अधिकार
जिला अस्पताल/स्वशासी राज्य चिकित्सा मेडिकल कॉलेज में नर्सिंग होम का शिविर लगाया गया है। यह मेरा अधिकार है। इसमें मुझे किसी से अनुमति लेने की आवश्यकता नहीं है। शिविर में मरीजों को निशुल्क सेवाएं दी गई हैं।
-डॉ. द्विजेंद्र नाथ, प्राचार्य, स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय