ललितपुर। शहर में बच्चों के इकलौते पार्क की व्यवस्थाएं अभी तक दुरुस्त नहीं हो पाई हैं कि नगर पालिका ने साईं मंदिर के पास दूसरा पार्क बनाना आरंभ कर दिया है। इससे बच्चों को खेलने कूदने के लिए मुफीद जगह नहीं मिल पा रही है।
इन दिनों साईं मंदिर के पास अमृत योजना के तहत करीब 50 लाख की लागत से बच्चों का एक नया पार्क बनाया जा रहा है। इसमें फुटपाथ, लाइट व मुख्य गेट का निर्माण किया जा रहा है। इसके अतिरिक्त पार्क में झूले भी स्थापित किए जाने हैं। वहीं, पहले से तुवन मंदिर के पास आजाद बाल क्रीड़ा स्थल बना हुआ है। तत्कालीन पालिकाध्यक्ष सुभाष जायसवाल ने इसका जीर्णोद्घार कराया था। इस दौरान नए झूले, बाल पेंटिंग सहित चाइना हट का निर्माण कराया था। वर्ष 2019 में मौजूदा अध्यक्ष रजनी साहू ने भी पार्क का सौंदर्यीकरण कराया। इस दौरान भी कई कार्य हुए लेकिन पार्क की व्यवस्थाएं जल्द ही चरमरा गईं। इससे बच्चों को खेलने कूदने की समस्या हो गई। पार्क के अधिकांश झूूले व पट्टी क्षतिग्रस्त हैं, इस कारण बच्चों के कपड़े फट जाते हैं। इसके अलावा घास भी बड़ी-बड़ी हो गई है। अभिभावकों की मांग करने के बाद भी पार्क को सुधारा नहीं जा रहा है। इससे नए पार्क के कराए जा रहे निर्माण को लेकर सवाल खड़े होने लगे हैं। नागरिकों का कहना है कि पूर्व से बने पार्क का सौंदर्यीकरण होना चाहिए।
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नगर पालिका परिषद नए निर्माण कराकर धनराशि को ठिकाने लगाने में लगी है। जो कार्य कराया जा रहा है उसके कार्यो की गुणवत्ता देखी जा सकती है। लाइट के लगाए खंभे अभी से तिरछे हो गए हैं। बेसमेंट को भी ठीक से तैयार नहीं किया गया है।-बाबूलाल तिवारी
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आजाद बाल क्रीड़ा स्थल हरा भरा नजर आ रहा है लेकिन व्यवस्थाएं चौकस नहीं हैं। पार्क में बड़ी-बड़ी घास खड़ी हुई है। झूलों की मरम्मत भी नहीं कराई जा रही है। इससे बच्चे पार्क से दूरियां बनाने लगे हैं। अब वे कंपनी बाग में समय बिता रहे हैं।-सुधीर मिश्र
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अमृत योजना के तहत बनाए जा रहे पार्क के ठीक सामने वन-वे है जो बच्चों के लिहाज से खतरनाक है। यहां से वाहन तेज रफ्तार से निकलते हैं, ऐसे में कोई भी हादसा हो सकता है। पार्क के ठीक सामने ब्रेकर बनाने की आवश्यकता है।-
संजीव साहू
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कोरोना काल से पहले पार्क में बड़ी संख्या में बच्चे पहुंचते थे लेकिन जब से महामारी फैली, तब से बच्चों का पार्क सूना पड़ गया है। नगर पालिका ने अभी तक पार्क की व्यवस्थाएं नहीं सुधारी है। इससे अभिभावकों में मायूसी है।-प्रदीप रिछारिया
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पार्क में जो भी कमियां बनी हुई हैं, उन्हें शीघ्र ही दूर कर लिया जाएगा। बच्चों को सुविधाओं का ध्यान रखा जाएगा।
निहाल चंद, अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका परिषद