सैदपुर (ललितपुर)। बुंदेलखंड में पड़ रहे सूखे में जहां गरीबों दो जून की रोटी की जुगाड़ में पलायन को मजबूर होना पड़ रहा है, वहीं अपात्र गरीबों के हक पर डाका डाल रहे हैं। एक कोटेदार के परिजनों के नाम से 3-3 बीपीएल राशनकार्ड होने का मामला प्रकाश में आया है।
तहसील मड़ावरा क्षेत्रांतर्गत ग्राम सैदपुर निवासी राजेंद्र सिंह ने एसडीएम को सौंपे शिकायती पत्र में बताया कि ग्राम सैदपुर के उचित दर विक्रेता आर्थिक रूप से संपन्न हैं, फिर भी उनके पुत्र यशवंत एवं पुत्र वधु अपूर्वा के नाम से 3-3 राशनकार्ड जारी किए गए हैं। इनमें से दो बीपीएल श्रेणी के हैं। कोटेदार के पास चार पहिया, पिकअप वाहन, जनरेटर, लगभग 15 एकड़ सिंचित कृषि भूमि, दो बाइक, ललितपुर में बड़ा मकान, सैदपुर में चार मकान तथा दो दुकानें हैं।
इसके बाद भी विभागीय कर्मचारियों की मिलीभगत एवं फर्जी दस्तावेजों के आधार पर अपने पुत्र के नाम 2-2 बीपीएल श्रेणी के राशनकार्ड जिनकी कार्ड संख्या-216730129622 एवं 216730110504 है, बनवा लिए हैं। साथ ही पुत्रवधु के नाम से भी एक पात्र गृहणी श्रेणी का राशनकार्ड संख्या 216740263892 जारी कराया है। उसने मामले की जांच कराकर कार्रवाई करने की मांग की है।