शहर में नगर पालिका की ओर से आठ ऑटो स्टैंड बनाए गए हैं। स्टैंड पर हथडेला और गुमटी वालों ने अतिक्रमण कर लिया है। हालात ये हैं कि यहां सिर्फ स्टैंड का बोर्ड भर लगा दिखता है। ऐसे में ऑटो चालक सड़क पर ही वहान खड़े कर देते हैं। इससे यातायात प्रभावित होता है।
2008 में नगर पालिका ने शहर में आठ स्टैंड निर्धारित किए थे। ऑटो चालकों को बीच रोड पर रुककर सवारियां भरने से रोकने के लिए यह स्टैंड बनाए गए थे। ताकि खाली समय में ऑटो यहां खड़े हो सकें। लेकिन धीरे-धीरे यह सभी स्टैंड अतिक्रमण की चपेट में आ गए। इनकी ओर किसी अधिकारी ने ध्यान देना उचित नहीं समझा। हालात यह हो गए कि स्टैंड पर सिर्फ नाम का बोर्ड ही लगा है। जबकि वहां एक भी आटो खड़े होने की जगह नहीं है। इस कारण शहर में सभी ऑटो सड़क पर ही खड़े होते हैं। इससे यातायात की समस्या बढ़ होती है। अधिकारी इस ओर ध्यान नहीं दे रहे हैं।
नगर निगम अधिकारियों ने बताया कि यह जमीन लोक निर्माण विभाग की है। इस कारण अतिक्रमण हटाने के लिए सभी विभागों के अधिकारियों से पत्राचार करना पड़ता है। यही वजह है कि अतिक्रमण नहीं हटाया जा पा रहा है। कई बार अतिक्रमण हटाया भी गया तो एक दो दिन बाद फिर से पहले जैसी स्थिति हो जाती है।
इन स्टैंड पर कब्जा
मवेशी बाजार, आजाद चौक, घंटाघर, एलआईयू ऑफिस के सामने, अंबेडकर पार्क के सामने, नया बस स्टैंड, नझाई बाजार गोल गेट के पास, गल्ला मंडी के पास।
अतिक्रमण हटाने के लिए 24 और 25 अप्रैल को अभियान चलाया जाएगा। इसके लिए जिलाधिकारी को भी अवगत करा दिया गया है। सभी ऑटो स्टैंड अतिक्रमण मुक्त किए जाएंगे।
- राकेश कुमार, अधिशासी अधिकारी, नगर पालिका