ललितपुर। जनपद में डेंगू व संक्रामक बीमारियों की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य विभाग द्वारा जांच अभियान चलाया जा रहा है। इसमें पांच कार्यालय व शहर के दो मोहल्लों के कूलरों व परिसर में रखे कंटेनरों की जांच में 17 एडीज लार्वा पाए गए। टीम ने मौके पर लार्वा रोधी दवा का छिड़काव कर नष्ट किया गया। बृहस्पतिवार को राष्ट्रीय वेक्टर जनित रोग नियंत्रण कार्यक्रम के अंतर्गत जिला मलेरिया अधिकारी मनोज कुमार व सहायक मलेरिया अधिकारी केएस सिंह के निर्देशन पर मुख्यालय स्थित कार्यालयों में डेंगू व चिकिनगुनियां की रोकथाम के लिए अभियान चलाया गया। इसमें कूलर व कंटेनरों में एडीज मच्छर के लार्वा पाए गए। मलेरिया निरीक्षण अजब सिंह, हरिशचंद्र नामदेव, ज्ञानेंद्र गौतम ने शहर को मोहल्ला व सरकारी कार्यालय की जांच की। जिसमें कैलाश आटोपार्टस में एक, ब्लॉक बिरधा में दो, महरौनी में कंटेनर में चार, बार में कंटेनर व टायर में दो, कटरा बाजार में कूलर में दो और कंटेनर में एक, गांधीनगर में कूलर में एक व सिंचाई निर्माणखंड कार्यालय के कूलर में पांच एडीज लार्वा पाए गए। इस पर स्वास्थ विभाग की टीम ने मौके पर ही खाली कराया। विभागीय अधिकारियों व मोहल्लावासियों को जागरुक किया कि, सप्ताह में एक बार सभी कूलरों व कंटेनरों की सफाई की जाए। सूखने के बाद दोबारा पानी भरा जाए। इसके अलावा पीडब्लूडी गेस्ट हाऊस, कोषाधिकारी आवास, वन रक्षक कार्यालय, पशुपालन विभाग, सिंचाई विभाग नोडल कार्यालय में लार्वा नहीं पाए गए। टीम ने शरीर को पूरी तरह से ढके रहने वाले कपड़े पहने के लिए जागरुक किया। मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ प्रताप सिंह ने कहा कि कार्यालयों में रखे कूलरों की नियमित सफाई करें। सूखने के बाद पानी भरें। इसके अलावा सभी को अपने घरों की छतों पर रखे पुराने बर्तन व टायरों में पानी जमा न होने दें।