ललितपुर। उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ की बैठक में जिले के एक खंड शिक्षा अधिकारी पर पक्षपातपूर्ण कार्रवाई करने का आरोप लगाया गया है। वक्ताओं ने कहा कि पक्षपातपूर्ण तरीके से निरीक्षण के कारण कई लापरवाहों पर शिकंजा नहीं कस पा रहा है।
जिलाध्यक्ष राजेश लिटौरिया ने आरोप लगाया है कि एक खंड शिक्षा अधिकारी ने पूर्व में कई विद्यालयों का निरीक्षण किया था, लेकिन उन्होंने निरीक्षण आख्या न तो बीएसए कार्यालय और न ही समाचार पत्रों में प्रकाशित कराने के लिए दी। एक विद्यालय को टारगेट बनाकर निरीक्षण किया गया। 26 सितंबर को भी अनेक विद्यालयों का निरीक्षण किया गया था, जिसमें कई शिक्षक अनुपस्थित मिले थे। इसका प्रकाशन भी समाचार पत्र में नहीं कराया गया। अनेक विद्यालय ऐसे हैं, जहां शिक्षक महीनों से गायब हैं और खंड शिक्षा अधिकारी के संज्ञान में भी हैं। इसके बाद भी ऐसे अध्यापकों के खिलाफ कार्रवाई नहीं हो रही है और न ही उन विद्यालय का निरीक्षण किया जा रहा है। उन्होंने खंड शिक्षा अधिकारी को ब्लॉक से हटाकर मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है। संचालन मंत्री अरुण गोस्वामी ने किया। बैठक में आलोक श्रीवास्तव, अर्चना तिवारी, आलोक गुप्ता, संघर्ष समिति अध्यक्ष संतोष रजक, हेमंत तिवारी, अनेक सिंह आदि उपस्थित रहे।