ललितपुर। कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालयों के शिक्षक व कर्मचारियों को बिना किसी सूचना के गायब होना महंगा पड़ गया। बीएसए ने निरीक्षण के दौरान गायब मिले शिक्षक व कर्मचारियों का एक दिन का वेतन काटने की कार्रवाई की है। इस कार्रवाई से स्टाफ में हड़कंप मच गया है।
अगले सत्र की तैयारी करने के उद्देश्य से मौजूदा शैक्षिक सत्र की अवधि बढ़ा दी गई थी। पिछले वर्षों में जहां बीस मई को स्कूल बंद होते थे, इस बार 31 मई तक संचालित करने के निर्देश दिए गए थे। कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय के स्टाफ को यह बात रास नहीं आई और उन्होंने पहले छात्राओं को अपने घर जाने की अनुमति दे दी। इसके पश्चात खुद ही विद्यालय से खिसकना प्रारंभ कर दिया। बीएसए विनोद कुमार मिश्रा ने मई माह के अंतिम सप्ताह में कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालयों का निरीक्षण कराया। इस दौरान बार में तेरह शिक्षक व कर्मचारी गायब मिले। इसी प्रकार बिरधा में चौदह, मड़ावरा से ग्यारह, महरौनी में भी इतने ही शिक्षक व कर्मचारी अनुपस्थित पाए गए। इस पर बीएसए ने शिक्षक व कर्मचारियों के अनुपस्थित दिवस का वेतन काटने के निर्देश दिए। बीएसए ने बताया कि जुलाई माह की शुरूआत से ही निरंतर निरीक्षण कराए जाएंगे, जिससे कि कोई भविष्य में लापरवाही नहीं बरत सके।