ललितपुर। जिले में 75 केंद्रों पर किसानों से गेहूं की सीधी खरीद की जाएगी। गत वर्ष की तुलना में इस वर्ष तीन केंद्र बढ़ाए गए हैं। वहीं, समर्थन मूल्य में भी वृद्धि की गई है। इस वर्ष गेहूं का समर्थन मूल्य 1,525 रुपये प्रति क्विंटल है, जो पिछले वर्ष की तुलना में 75 रुपये प्रति क्विंटल अधिक है। गेहूं के क्रय एक अप्रैल से शुरू हो गए हैं, लेकिन अभी तक खरीद केंद्रों पर आवक शुरू नहीं हुई है।
प्रकृति की मार झेल रहे किसानों को धोखाधड़ी व दलालों से बचाने के लिए शासन ने फूड कार्पोरेशन ऑफ इंडिया सीधे गेहूं खरीद करने की योजना बनाई है। किसानों से गेहूं खरीदने के लिए जिले में 75 खरीद केंद्र बनाए गए हैं, जिन पर एक अप्रैल से गेहूं की खरीद की तिथि तय की गई है। एक केंद्र एफसीआई का है जबकि, साठ केंद्र पीसीएफ द्वारा बनाए गए हैं। कल्याण निगम ने तीन, समितियों द्वारा तीन तथा एनसीसीएफ द्वारा चार केंद्र बनाए गए हैं। ज्यादातर केंद्र ब्लाक स्तर पर बनाए गए हैं।
खरीद के लिए पिछले वर्ष 72 खरीद केंद्र बनाए गए थे। ।
सूखा को देखते हुए गेहूं की खरीद का लक्ष्य अभी तय नहीं किया गया है। लेकिन, जानकारों का मानना है कि इस वर्ष गेहूं की फसल अच्छी हुई है। भले ही बरसात नहीं हुई है, लेकिन जिले में सिंचाई के संसाधनों जिनमें खासकर जाखलौन पंप केनाल (जेपीसी) के सिंचित क्षेत्र में अच्छी फसल है। जिन किसानों के पास स्वयं के कुएं अथवा ट्यूबवेल आदि संसाधन थे, उन
किसानों की गेहूं की फसल काफी अच्छी हुई है।
राजघाट पंप केनाल के सिंचित क्षेत्र में जिन किसानों की फसलें बोई गईं, वहां पर अच्छी पैदावार की संभावना जताई जा रही है। वैसे जिले में 34,830 हेक्टेयर क्षेत्रफल में गेहूं की बुआई हुई थी। हाल ही में हुई ओलावृष्टि और पानी बरसने से पांच से 25 प्रतिशत का नुकसान हुआ है। लेकिन, वास्तविकता का अंदाजा खरीद केंद्रों में पहुंचने वाले किसानों की फसलों से ही लगाया जा सकेगा।