ललितपुर। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा जनपद न्यायालय परिसर में शनिवार को मासिक राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन किया गया। इसमें सुलह-समझौता के आधार पर विभिन्न प्रकृति के कुल 680 वादों का निस्तारण किया गया। साथ ही 1.57 करोड़ रुपए से अधिक के समझौता और अर्थदंड की राशि का निर्धारण किया गया।
जनपद न्यायालय में आयोजित लोक अदालत की अध्यक्षता जनपद न्यायाधीश जिष्णुकांत ने की। लोक अदालत में जनपद न्यायालय द्वारा सिविल अपील का निस्तारण किया गया एवं प्री-लिटेगेशन समिति के माध्यम से बैंकों के ऋण वसूली के 229 वादों का निस्तारित कर एक करोड़ 56 लाख 86 हजार 120 रुपए की समझौता राशि निर्धारित की गई। अपर जिला जज (आवश्यक वस्तु अधिनियम) लोकेश राय द्वारा विद्युत अधिनियम के तीन वादों का निस्तारण कर चार हजार रुपए अर्थदंड निरूपित किया गया। प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय अशोक कुमार यादव ने 12 पारिवारिक वादों को निस्तारित किया।
मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट ज्योत्सना सिंह ने विभिन्न प्रकृति के 209 वादों का निस्तारण कर 48,680 रुपए जुर्माना अधिरोपित किया। सिविल जज सीनियर डिवीजन आनंद प्रकाश सिंह ने विभिन्न प्रकृति के 48 वादों को निस्तारित कर 8400 रुपए अर्थदंड वसूल किया। इसके अलावा तीनों तहसीलों द्वारा राजस्व के 75 वाद एवं फौजदारी के 69 वाद निस्तारित किए गए। बाह्य न्यायालय महरौनी में दोनों न्यायालयों द्वारा 28 वाद निस्तारित कर चार हजार रुपये जुर्माना अधिरोपित किया गया।
इस मौके पर अपर जनपद न्यायाधीश दिनेश कुमार शर्मा, अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश (दस्यु प्रभावित क्षेत्र अधिनियम) हरीश कुमार यादव, अधिवक्तागण, बैंक व बीमा कंपनियों के अधिकारी एवं वादकारीगण मौजूद रहे।