संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। महाशिवरात्रि के दो दिन पहले सोमवार को महाकुंभ जाने वाले श्रद्धालुओं का रेला उमड़ा। ट्रेन के हर कोच में सीटों पर तर-ऊपर बैठते रहे। गैलरी और गेटों के पास पैर रखते तक की जगह नहीं थी। एक ट्रेन खचाखच भरने के बाद भी स्टेशन पर डेढ़ हजार से अधिक श्रद्धालु महाकुंभ जाने के लिए बैठे रहे। इसके बाद 22 डिब्बों की दूसरी कुंभ मेला स्पेशल ट्रेन चलाई गई। कुल 6500 श्रद्धालुओं के रवाना होने का अनुमान है।
महाकुंभ में बुधवार को महाशिवरात्रि पर आखिरी अमृत स्नान है। इसके चलते बड़ी संख्या में लोग महाकुंभ जा रहे हैं। सोमवार को भी रेलवे स्टेशन पर प्रयागराज जाने वाले श्रद्धालु बड़ी संख्या में पहुंचे। रात पौने आठ बजे कुंभ मेला स्पेशल ट्रेन आते ही लोग तेजी से दौड़ पड़े और कुछ ही मिनटों में सभी सीटें फुल हो गईं। एक-एक सीट पर पांच-छह लोग बैठे थे। ऊपर की सीट पर भी तीन-तीन लोग बैठे, जबकि पूरी गैलरी और गेटों के पास भी लोग भरे हुए थे। अनुमान के मुताबिक एक-एक कोच में सवा दो सौ से ढाई सौ लोग भरे हुए थे। जबकि, प्लेटफार्म और सर्कुलेटिंग एरिया में डेढ़ हजार से अधिक लोग दूसरी ट्रेन के इंतजार में बैठे रहे। दूसरी विशेष ट्रेन रात दस बजे के बाद ललितपुर से चलाई गई।
रेलवे स्टेशन पर अधीक्षक डीके चतुर्वेदी, उपस्टेशन अधीक्षक गणेश प्रसाद मिश्रा, टीटीई संजय सोनकर और उनकी टीम एवं जीआरपी थाना प्रभारी नवीन कुमार पुलिस बल के साथ प्लेटफार्म एक पर यात्रियों को ट्रेन में सुरक्षित चढ़ाने में लगे रहे। लोगों को ट्रेन के अंदर जाकर गेट बंद करने को कहते रहे, ताकि कोई हादसा न हो।
ललितपुर के अलावा टीकमगढ़, छतरपुर और खजुराहो में भी भारी संख्या में श्रद्धालु ट्रेन के इंतजार में खड़े थे। रात साढ़े आठ बजे चलाई गई कुंभ मेला स्पेशल ट्रेन से लगभग पांच हजार लोग सवार हुए, जबकि प्लेटफार्म पर भी डेढ़ से दो हजार श्रद्धालुओं की भीड़ जमा थी।