अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। हार्ट अटैक के मामले बढ़ रहे हैं। जिला अस्पताल में एक माह के दौरान ह्दय संबंधी बीमारी के 62 मरीज आए, जिनमें डॉक्टर ने 33 को मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया। अस्पताल में दो मरीजों ने दम तोड़ दिया, जबकि छह मरीजों की इमरजेंसी में ही मौत हो गई। यह आंकड़ा चौंकाने वाला है, लेकिन डॉक्टरों का कहना है कि ह्दय व ब्लड प्रेशर के मरीज सर्दी के मौसम में एहतियात बरतें और समय पर दवा लेते रहें तो उनके स्वास्थ्य के लिए बेहतर होगा।
सर्दियों में हार्ट अटैक के मरीजों की संख्या बढ़ जाती है। जरा सी लापरवाही जानलेवा साबित हो सकती है। जिला अस्पताल की ओपीडी में प्रतिदिन लगभग 60 मरीज आ रहे हैं, इनमें करीब 25 लोग सीने में दर्द की समस्या लेकर पहुंच रहे हैं। चिकित्सक इनकी ईसीजी करा रहे हैं। इनमें औसतन दो मरीज हार्ट अटैक के निकल रहे हैं। वहीं अधिक दिक्कत होने पर एंजियोग्राफी जांच के लिए मेडिकल कॉलेज झांसी रेफर किया जा रहा है। अस्पताल के सीसीयू के रिकार्ड के अनुसार एक दिसंबर से दो जनवरी तक 56 मरीज हार्ट अटैक के भर्ती किए गए। 33 मरीजों को समस्या अधिक होने पर मेडिकल कॉलेज झांसी के लिए रेफर किया गया। दो भर्ती मरीजों की मौत हो गई, जबकि इमरजेंसी में आए हार्ट अटैक के छह मरीजों की मौत हो गई। यानी एक माह में 62 मरीज हार्ट अटैक के आए, जिनमें आठ की जान चली गई। सीसीयू में तैनात फिजीशियन डॉ. राजीव जैन ने बताया कि प्रतिदिन हार्ट अटैक के औसतन दो मरीज ओपीडी से भर्ती किए जा रहे हैं।
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इस तरह करें ह्दय व बीपी के मरीज बचाव
- सुबह-शाम सर्दी में घरों से बाहर न निकलें।
- ठंडे पानी से न नहाएं, न ही ठंडा पानी पिएं।
- ठंडी वस्तुओं का सेवन न करें।
- हरी सब्जी का सेवन करें।
- मरीज नियमित रूप से दवा का सेवन करें।
- समस्या होने पर चिकित्सक से सलाह लें।
जिला अस्पताल में संसाधन
ईसीजी जांच सुविधा-ईको जांच मशीन और वेंटिलेटर की सुविधाओं से लैस आठ मरीजों के लिए कार्डियक केयर यूनिट
-जिले में नहीं एक भी कार्डियोलाजिस्ट
जनपद में ह्दय रोग विशेषज्ञ न होने से गंभीर स्थिति में मरीजों को मेडिकल कॉलेज झांसी अथवा भोपाल जाना पड़ता है। जिला अस्पताल में एक मात्र फिजीशियन डॉ. राजीव जैन की तैनाती कार्डियोलाजिस्ट के पद पर करीब एक साल पहले हुई थी। इसके बाद कोई अन्य डॉक्टर नहीं आया। हृदय संबंधी बीमारियों के लिए निजी चिकित्सक भी न होने से आपात स्थिति में मरीज और तीमारदारों को परेशान होना पड़ता है।
जिला अस्पताल में कार्डियोलाजिस्ट के पद पर फिजीशियन डॉ. राजीव जैन की तैनाती की गई थी, वह हृदय संबंधी मरीजों को देख कर उपचार दे रहे हैं।-डॉ. राजेंद्र प्रसाद, सीएमएस जिला अस्पताल