दो महीने बाद भी नहीं लगा मासूम का सुराग
ललितपुर। शहर कोतवाली क्षेत्र से दो महीने पहले गायब हुए पांच वर्षीय मासूम राज के अपहरण के मामले में पुलिस बेसुराग बनी हुई है। उधर, शहर क्षेत्र में घट रहीं चोरी की वारदातों के लिए सुराग तलाशने में जुट गई है।
बताते चले कि आजादपुरा मोहल्ला स्थित रिसाला मंदिर निवासी पांच वर्षीय राज कुशवाहा दो जुलाई की दोपहर अपने घर के बाहर खेल रहा था। इसी दौरान वह गायब हो गया। परिजनों ने खोजबीन की लेकिन जानकारी न मिलने पर पुलिस को सूचना दी। पुलिस ने अपहरण की रिपोर्ट दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी। लगभग दो महीने का समय बीत जाने के बाद भी पुलिस की जांच आगे नहीं बढ़ सकी है और न ही अपहरणकर्ताओं की कोई जानकारी मिल सकी है।
पुलिस अधीक्षक डा. ओपी सिंह ने कोतवाली पुलिस व स्वाट/ सर्विलांस टीम को मासूम के अपहरण कांड की गुत्थी सुलझाने के निर्देश दिए थे। सूत्रों की मानें तो सुराग न मिलते देख टीमों ने मामले को ठंडे बस्ते में डाल चोरी की वारदातों पर अपना ध्यान केंद्रित कर दिया है। गौरतलब है कि शहर में इन दिनों धड़ाधड़ चोरी की वारदातें घटित हो रही हैं। इन पर रोक लगाने के लिए कोतवाली पुलिस सक्षम नजर नहीं आ रही है। रात के अंधेरे में ताले चटकाने वाले चोर अब दिनदहाड़े चोरियों को अंजाम देने में जुटे हुए हैं।
वहीं पुलिस हिरासत में आए संदिग्ध के कोतवाली से भाग जाने के बाद चोरी की वारदातें खुलने पर भी प्रश्नचिंह् खड़ा हो गया। ऐसे में पुलिस ने मासूम के अपहरण को ठंडे बस्ते में डाल चोरी की वारदातों की ओर अपना रुख मोड़ लिया है। वहीं मासूम के परिजन राज की वापसी के लिए पूजा-पाठ और अन्य तरीके आजमाने में जुटे हुए हैं। परिजनो का भी मासूम का पता न लगने से बुरा हाल बना हुआ है और वह सकुशल वापसी के लिए हरसंभव कोशिशों में जुटे हुए हैं।