ललितपुर। जिले की 415 ग्राम पंचायतों में एक मई से तालाब बनाने के काम शुरू होंगे। इससे गांवों में पानी की कमी नहीं होगी। यह काम मनरेगा के तहत कराए जाएंगे।
श्रमिकों को गांव में काम दिए जाने के लिए मनरेगा महत्वाकांक्षी योजना है। मुख्य विकास अधिकारी ने जिले के सभी ग्राम प्रधानों को खंड विकास अधिकारी के माध्यम से पत्र भेजकर कहा है कि अपने-अपने गांव में स्वीकृत लेबर बजट से कम से कम दस कार्यों का इस्टीमेट तैयार करा लें। श्रमिकों से मांग पर उनको गांव में ही काम दिया जाए। मनरेगा में पैसे की कोई कमी नहीं है। उचित होगा कि प्रत्येक ग्राम पंचायत में एक-एक तालाब का नवनिर्माण कराया जाए। यह कार्य एक मई से शुरू करा दिए जाएं।
उन्होंने कहा है कि गांव में अधिक श्रमिक हैं तो उन्हें कोरोना महामारी के दौरान रोजगार दिया जाना आवश्यक है। ग्राम प्रधान मनरेगा के अंतर्गत समस्य ग्राम पंचायतों में प्रतिदिन कम से कम दो सौ श्रमिकों को सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए रोजगार उपलब्ध कराएं।
--------------
सभी ग्राम प्रधानों को जिम्मेदारी सौंपी गई है कि मनरेगा के अंतर्गत श्रमिकों को काम उपलब्ध कराएं। गांव में तालाब होने से एक तो पानी की कमी नहीं रहेगी, दूसरे पानी का उपयोग कृषि कार्य के लिए भी किया जा सकेगा।
- अनिल कुमार पांडेय, मुख्य विकास अधिकारी