संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। आंधी आने से एक बार फिर बिजली आपूर्ति ठप हो गई। शहर सीमा पर स्थित ग्राम पंचायत रोंड़ा के निकट 33 केवी लाइन पर पेड़ गिरने से चार घंटे तक शहर के करीब 41 हजार घरों की बिजली गुल रही। वहीं, कई जगह पेड़ों की डालियां लाइनों पर गिरने से बिजली बाधित रही।
शनिवार दोपहर में पौने दो बजे तेज आंधी आई। रोड़ा स्थित 132 केवी पारेषण उपकेंद्र से गल्ला मंडी सब स्टेशन आने वाली 33 केवी की दो लाइनों पर फाल्ट आ गया, इससे पूरे शहर की आपूर्ति ठप हो गई। गल्ला मंडी से 33 केवी प्रथम के अंतर्गत फीडर संख्या चार, पांच, चंडी मंदिर, चंदेरा और पिसनारी फीडर और 33 केवी द्वितीय के अंतर्गत फीडर संख्या एक तीन, बिहारी राशन, गोविंद नगर, नेहरूनगर फीडर की बिजली ठप हो गई। लगभग डेढ़ घंटे तक जोरदार आंधी चली।
आंधी रुकने के बाद उपखंड अधिकारी प्रथम पुष्पेंद्र कुमार और अवर अभियंता धीरज कुशवाहा ने बिजली घर जाकर स्थिति जानी और टीम ले जाकर रोंड़ा स्थित पारेषण उपकेंद्र से पेट्रोलिंग शुरू कराई। उपकेंद्र से शहर की ओर कुछ ही दूरी पर एक पेड़ आधा टूटकर 33 केवी की लाइनों पर गिरा हुआ था। कर्मचारियों ने पेड़ को काटकर दूर किया। 33 केवी द्वितीय की बिजली शाम लगभग साढ़े चार बजे तक आ गई थी, लेकिन कुछ फीडरों की बिजली शहर में हुए फाल्ट के चलते बाधित हो गई थी।
वहीं, शहर के फीडर संख्या एक के अंतर्गत विकास भवन के पीछे लाइनों पर यूकेलिप्टस का पेड़ गिर गया। जबकि, फीडर संख्या एक के अंतर्गत ही जेल चौराहा के पास भी लाइनों में फाल्ट आ गया। बिजली देर शाम तक बाधित रही। एसडीओ और अवर अभियंता भी मौके पर पहुंचे और लाइन सुधारने का काम शुरू कराया। ग्रामीण क्षेत्रों के अंतर्गत बाईपास सब स्टेशन पर स्थापित मसौरा, निवाई, नदनवारा, कचनौंदा फीडर की बिजली भी हाईटेंशन लाइनों में फाल्ट आने से ठप हो गई। अवर अभियंता ने पेट्रोलिंग शुरू कराई। लाइनों में फाल्ट से ग्रामीण क्षेत्रों की बिजली देर शाम के बाद भी घंटों तक बाधित रही।
आंधी के कारण 33 केवी लाइन में फाल्ट आने से बिजली प्रभावित हो गई थी। पेट्रोलिंग कराकर लाइनों को ठीक कराने के बाद आपूर्ति बहाल की गई।
-पुष्पेंद्र कुमार, एसडीओ प्रथम, बिजली।