चुनाव ड्यूटी में लगे वाहन, बस स्टैंड पर सन्नाटा
ललितपुर। लोकसभा के मतदान में निजी बसों के लगाए जाने से यातायात प्रभावित हो रहा है। वाहन कम पड़ने से सवारियों को टैक्सियों में यात्रा करनी पड़ रही है। वहीं, कई सवारियां रुकने के लिए आशियाना तलाशती रहीं। कुछ यात्रियों ने लोडिंग वाहनों का सहारा लिया।
जिला मुख्यालय पर सबसे अधिक लोगों का आना-जाना बस सेवा के माध्यम से होता है। मुख्यालय के बस स्टैंड से प्रतिदिन 150 बसों का आवागमन होता है, लेकिन लोकसभा चुनाव के निर्वाचन कार्य में यातायात के लिए अधिकांश निजी बसें अधिग्रहत हो गई हैं। इस कारण यातायात प्रभावित हो गया। सवारियों को बस स्टैंड पर घंटों बसों का इंतजार करना पड़ा। शनिवार को शहर के अंतर राज्जीय बस स्टैंड पर शाम चार बजे एक भी बस नजर नहीं आई। यहां पर आने वाले यात्रियों को बस के लिए इंतजार करने के बाद इक्का-दुक्का रोडवेज की बसें मिली। लेकिन, अधिक भीड़ होने के कारण कुछ लोग ही जा सके। ऐसे में कई सवारियों को काफी देर तक बैठने के बाद बस नहीं मिली और उन्हें टैक्सियों का सहारा लेना पड़ा। जिसमें सवारियों को लटककर यात्रा करना पड़ी।
कुछ यात्री इंतजार से परेशान होकर रेलवे स्टेशन की ओर रवाना हो गए। इसके अलावा साधन नहीं मिलने पर कई सवारियों ने लोडिंग वाहनों व अन्य वाहनों का सहारा लिया। अधिकांश यात्रियों को डग्गामार वाहनों का सहारा लेना पड़ा।
टैक्सी चालकों ने लिया खूब लाभ
निजी बसों व अन्य वाहनों के लोकसभा चुनाव में अधिग्रहीत होने से मुख्यालय पर आने वाले यात्रियों को यातायात की असुविधा हो गई। ऐसे में टैक्सी संचालकों ने भी सवारियों से मनमाना किराया वसूला। अधिकांश सवारियों को टैक्सी में अधिक किराया देकर अपनी मंजिल तक जाना पड़ा। यात्रियों को अधिक पैसा देकर इसका खामियाजा भुगतना पड़ा।