खोखा जलाने वाले दो आरोपियों पर मुकदमा हुआ दर्ज
ग्राम बैरवारा का मामला ,ढाई माह बाद लिखा गया मुकदमा
महरौनी (ललितपुर)। कोतवाली महरौनी के ग्राम बैरवारा में लगभग ढाई माह पहले एक लकड़ी का खोखा जलाने के मामले में महरौनी पुलिस ने पीड़ित की तहरीर के आधार पर दो आरोपियों के विरुद्ध मुकदमा पंजीकृत कर लिया है। ग्राम बैरवारा निवासी धनीराम पुत्र छोटे रजक ने बताया कि वह दिव्यांग है और परिवार के भरण पोषण के लिए गांव मे ही कपड़ा प्रेस व परचून की दुकान संचालित करता था। आरोप है कि गांव के ही बलवंत सिंह व दीपेंद्र अवैध शराब का धंधा करते हैं जो धनीराम से रंजिश रखते हैं और उसकी दुकान बंद करवाना चाहते थे। गत 20 अप्रैल की रात धनीराम अपनी दुकान बंद करके घर चला गया। रात में लगभग 2 बजे आरोपियों ने उसके लकड़ी के खोखे में आग लगा दी, जिसको पीड़ित दुकानदार के छोटे भाई रामलाल ने देख लिया और 100 नंबर डायल कर पुलिस को सूचना दी। खोखे में आग लगने से लगभग 50 हजार रुपये का नुकसान हुआ। पीड़ित का आरोप है कि उसने अगले ही दिन पुलिस को लिखित तहरीर दी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई और पीड़ित लगातार पुलिस के चक्कर काटता रहा। पीड़ित ने उच्चाधिकारियों को प्रार्थना पत्र लिखकर न्याय की गुहार लगाई, तब कहीं जाकर जाकर ढाई माह बाद पुलिस ने दोनो आरोपियों पर एससीएसटी एक्ट व अन्य धाराओं में मुकदमा पंजीकृत किया।
वनकर्मी हटवा रहे कब्जा
पाली । सिमरधा क्षेत्र के महिलायों ने थाना पाली पुलिस में प्रार्थना पत्र देकर बताया कि उनकी 52 एकड़ पट्टे की जमीन है, जिस पर 15 वर्षों से खेती करते आ रहे हैं । अब वनकर्मी जबरन उस भूमि को खाली करा रहे है । यह भी बताया कि भूमि को लेकर न्यायालय में मामला चल रहा है । जब तक कोई आदेश नही आता तब तक भूमि की यथास्थिति बरकरार रखने की मांग की। पत्र में दो दर्जन महिलाओं के हस्ताक्षर थे।