कल्यानपुरा से महरौनी के लिए जल्द तैयार होगी 132 केवी लाइन
ट्रांसमिशन विभाग का लाइन निर्माण का कार्य अंतिम चरण में पहुंचा
चोरी हो चुकी पुुरानी 33 केवी लाइन बिछाने पर भी चल रहा मंथन
अमर उजाला ब्यूरो
ललितपुर। महरौनी क्षेत्र की बिजली आपूर्ति में सुधार के लिए ट्रांसमिशन विभाग द्वारा कल्यानपुरा 220 केवी सब स्टेशन से महरौनी के लिए 132 केवी की नई लाइन डाली जा रही है, जिसके निर्माण का कार्य अंतिम चरण में पहुंच गया है। शीघ्र ही यह नई लाइन बनकर तैयार हो जाएगी और महरौनी 132 केवी सब स्टेशन से जोड़ दी जाएगी। विभाग द्वारा पुरानी चोरी हो चुकी 33 केवी लाइन के निर्माण पर भी उच्चाधिकारियों से वार्ता कर मंथन किया जा रहा है।
महरौनी स्थित 132 केवी सब स्टेशन के लिए रौंड़ा सब स्टेशन से 132 केवी लाइन के माध्यम से बिजली आपूर्ति प्रदान की जाती है। इसके बाद यहां से पूरे महरौनी, मड़ावरा, बानपुर और सोजना क्षेत्र को 33 केवी सब स्टेशनों से 11 हजार केवी लाइन से विभिन्न स्थानों पर रखे कम क्षमता वाले ट्रांसफार्मरों के माध्यम से घरों को रोशन किया जाता है। गत दो सप्ताह पूर्व महरौनी क्षेत्र में रौंड़ा से महरौनी के लिए 132 केवी लाइन का एक टावर क्षतिग्रस्त हो जाने पर तीन दिनों तक क्षेत्र की बिजली आपूर्ति टावर का कार्य करने के लिए ठप रही थी। इससे आम लोगों को भीषण गर्मी में भी बिना बिजली लगातार तीन दिनों तक नारकीय जीवन जीने को मजबूर होना पड़ा था। खासकर बच्चे, बुजुर्गों और मरीजों के लिए खासी दिक्कत पैदा हो गई थी। लेकिन अब अधिक समय तक 132 केवी लाइन के टावर में कोई खामी होने होने की स्थिति में ज्यादा समय तक क्षेत्रवासियों को बिजली की किल्लत नहीं झेलनी पड़ेगी। ट्रांसमिशन विभाग द्वारा कल्यानपुरा 220 केवी सब स्टेशन को महरौनी स्थित 132 केवी सब स्टेशन से जोड़ा जा रहा है। इसके लिए विभाग द्वारा कल्यानपुरा से महरौनी के लिए 132 केवी लाइन बिछाने का कार्य किया जा रहा है, जो लगभग अंतिम चरण में पहुंच गया है और करीब एक से डेढ़ महीने में यह लाइन बिछाने का कार्य शीघ्र ही पूरा कर लिया जाना बताया जा रहा है। इससे यदि एक लाइन में या लाइन के टावरों को कोई तकनीकी खामी आती है या टावर ही क्षतिग्रस्त होता है, तो दूसरी लाइन से महरौनी के लिए बिजली आपूर्ति प्रदान करने का वैकल्पिक रास्ता भी होगा। हालांकि रौंड़ा से महरौनी के लिए पूर्व से बिछी हुई 33 केवी लाइन भी सिलावन से महरौनी क्षेत्र के बीच काफी बड़ी मात्रा में काटकर चोरी की जा चुकी है। जिसे फिर से बिछाकर टावरों में खराबी होने या 132 केवी लाइनों में दिक्कत आने पर वैकल्पिक रास्ता निकालने पर भी उच्चाधिकारियों द्वारा विचार किया जा रहा है। इसके लिए ट्रांसमिशन के अधिकारियों ने विभाग के उच्चाधिकारियों को इस बारे में अवगत भी कराया है। यदि यह 33 केवी लाइन बिछाने के लिए उच्चाधिकारियों की मंजूरी मिल जाती है, तो महरौनी क्षेत्र में बिजली किल्लत से काफी हद तक निजात मिल सकेगी।
कल्यानपुरा 220 केवी सब स्टेशन से महरौनी के लिए 132 केवी नई लाइन बिछाने का कार्य तेजी से चल रहा है। उक्त लाइन का निर्माण कार्य शीघ्र ही पूरा कर महरौनी 132 केवी सब स्टेशन से जोड़ा जाएगा। रौंड़ा से महरौनी के लिए बिछाई गई 33 केवी क्षमता की पुरानी लाइन के तार कई ग्रामीण क्षेत्रों में उखाड़ लिए गए हैं और कई खंभे भी नहीं हैं, जिसे फिर से बनवाने के लिए उच्चाधिकारियों से वार्ता कर लाइन की स्थिति से अवगत कराया है।
- शैलेंद्र सिंह राजपूत, एसडीओ ट्रांसमिशन।