नियंत्रण समिति के निर्देशन में होगा उर्स का आयोजन
ललितपुर। बाबा सदनशाह उर्स के आयोजन के शांतिपूर्ण एवं निष्पक्ष वातावरण में कराए जाने के लिए जिलाधिकारी ने एडीएम, एसडीएम समेत छह अधिकारियों की एक नियंत्रण समिति का गठन किया है, इसके निर्देशन व पर्यवेक्षण में उर्स का आयोजन किया जाएगा।
बताया गया कि सहायक रजिस्ट्रार, फर्म्स सोसायटी एवं चिट्स झांसी मंडल के कार्यालय द्वारा अवगत कराया गया था कि हजरत बाबा सदनशाह उर्स कमेटी जमीयतुल कुरैश संस्था का नवीनीकरण हाजी बद्दरुद्दीन द्वारा प्रस्तुत प्रपत्रों के आधार पर 13 अगस्त 2015 को 19 जुलाई 2015 से पांच वर्ष के लिए किया गया है। उपरोक्त संस्था के विरुद्घ जिला मुस्लिम महासभा के एक पूर्व पदाधिकारी द्वारा की गई शिकायतों के आधार पर विभिन्न स्तरों पर जांच चल रही है। इस पर फर्म्स सोसायटी एवं चिट्स झांसी के सहायक रजिस्ट्रार डोगरा शक्ति ने एक्ट में उपबंधित प्रावधानों के अंतर्गत आरोपित वित्तीय अनियमितताओं की जांच के लिए अटलराज भास्कर, वित्तीय परामर्श/वित्त एवं लेखाधिकारी, जिला पंचायत झांसी को जांच अधिकारी नामित किया गया है। वहीं जिलाधिकारी/अपर सर्वे आयुक्त वक्फ से सहायक रजिस्ट्रार ने अनुरोध किया कि संस्था के जांच होने तक संस्था हजरत बाबा सदनशाह उर्स कमेटी जमीयतुल कुरैश की प्रबंध कार्यकारिणी सालाना उर्स संपन्न कराने के लिए जिलाधिकारी या उनके द्वारा गठित समिति के पूर्णत: निर्दशन एवं पर्यवेक्षण में कार्य करेगी। इसी के चलते जिलाधिकारी मानवेंद्र सिंह ने शांतिपूर्ण एवं निष्पक्ष वातावरण में उर्स के आयोजन के लिए एक नियंत्रण समिति का गठन किया है, जिसमें अपर जिलाधिकारी (वित्त/राजस्व) योगेंद्र बहादुर सिंह को अध्यक्ष, उपजिला मजिस्ट्रेट महेश प्रसाद दीक्षित को सचिव एवं वरिष्ठ कोषाधिकारी विष्णुकांत द्विवेदी, क्षेत्राधिकारी हिमांशु गौरव, अधिशासी अभियंता ग्रामीण अभियंत्रण सेवा प्रखंड व जिला सूचना अधिकारी पीयूष चंद्र राय को सदस्य बनाया गया है। बता दें कि वक्फ की संपत्ति को लेकर वर्तमान में दो पक्षों के बीच कई दिनों से विवाद की स्थिति बनी हुई है। यहां तक एक पक्ष द्वारा उर्स के आयोजन को लेकर वर्तमान उर्स कमेटी पर भी सवाल खड़े किए और जिला प्रशासन व मुख्यमंत्री स्तर तक इसकी शिकायतें की हैं। जिसके चलते सहायक रजिस्ट्रार के निर्देश पर जिलाधिकारी द्वारा उक्त नियंत्रण समिति का गठन किया है।