छह अधिकारी गैरहाजिर, स्पष्टीकरण तलब
मड़ावरा (ललितपुर)।
तहसील मड़ावरा में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस में राजस्व, विकास और पुलिस के मामले छाए रहे। इस दौरान कुल 281 शिकायती प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए। इसमें से 13 शिकायती प्रार्थना पत्रों का मौके पर निस्तारण कर दिया गया। वहीं, छह गैरहाजिर अधिकारियों से स्पष्टीकरण तलब किया।
जिलाधिकारी मानवेंद्र ने संपूर्ण समाधान दिवस की अध्यक्षता करते हुए सर्वप्रथम उपस्थिति रजिस्टर, शिकायतों के तहसील समाधान रजिस्टर मंगाकर देखा। इस दौरान पिछले संपूर्ण समाधान दिवस में आए प्रार्थना पत्रों की समीक्षा की। इसमें पाया कि 51 मामलों में से 33 का निस्तारण कर दिया बाकि लंबित चल रहे शिकायती प्रार्थना पत्रों पर संबंधित विभागीय अधिकारियों को शीघ्र गुणवत्तापूर्ण ढंग से निस्तारित करने के निर्देश दिए। आज के संपूर्ण समाधान दिवस में कुल 218 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें राजस्व विभाग के 81 मामले, पुलिस विभाग के 20, शिक्षा विभाग के 05, स्वास्थ्य विभाग का 06, विकास विभाग के 56, वन विभाग के 05, चकबंदी के 08, विद्युत के 07, पूर्ति विभाग के 07 तथा अन्य विभागों के 23 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए। जिसमें से 13 मामले मौके पर ही निस्तारित कर दिये गए। जिलाधिकारी ने अवशेष प्रार्थना पत्रों को सम्बंधित विभागों को सौंपते हुए उनका समय सीमा के अन्दर गुणवत्तापूर्ण ढंग से निस्तारण करने के निर्देश दिए साथ ही कहा कि अधिकारी सम्पूर्ण समाधान दिवस में प्राप्त शिकायती प्रार्थना पत्रों का स्वयं परीक्षण करें। इस मौके पर एडीओ पंचायत, जिला कृषि अधिकारी, अधिशाषी अभियंता आरईएस, अधिशाषी अभियंता जल निगम, जिला विद्यालय निरीक्षक, अपर मुख्य अधिकारी जिला पंचायत अनुपस्थित रहे। जिस पर जिलाधिकारी ने नाराजगी जाहिर करते हुए उनसे स्पष्टीकरण मांगने के निर्देश दिए। आज के समाधान दिवस में अपर पुलिस अधीक्षक एके विजेता, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. प्रताप सिंह, उप जिलाधिकारी मड़ावरा पदम सिंह, प्रभागीय निदेशक सामाजिक वानिकी गोविन्द शरण, परियोजना निदेशक डीआरडीए बलिराम, जिला विकास अधिकारी देवेन्द्र प्रताप, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अंबरीष कुमार, जिला सूचना अधिकारी पीयूष चन्द्र राय, तहसीलदार मड़ावरा सहित समस्त जनपद स्तरीय अधिकारीगण एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
श्रेणीकरण कर करें गुणवत्तापूर्ण निस्तारण
संपूर्ण समाधान दिवस के दौरान विद्यालयों में बिना माप और रेडीमेड यूनिफार्म वितरण की शिकायतों को देखते हुए विद्यालयों में वितरित की जा रही यूनीफार्म को मंगाकर उसकी गुणवत्ता की जांच की। जांच में यूनिफार्म की गुणवत्ता ठीक पाई गई। इसी दौरान डीएम ने एसडीएम मड़ावरा को शिकायतों का शासनादेश के अनुसार श्रेणीकरण करके गुणवत्तापूर्ण निस्तारण करने के निर्देश दिए।